दिलों में प्रीत रहने दो

सपना सक्सेना 
ग्रेटर नोएडा(उत्तर प्रदेश)
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दिलों में प्रीत रहने दो
ज़हर नफ़रत का घोलो ना,
चलो फिर आज मेरे संग
ज़रा जय हिन्द बोलो ना…l

घुलने दो हवाओं में
अमन की खुशबुओं को तुम,
बंद खिड़की में कोई तो
कड़ी होगी टटोलो ना…l

ज़हन में हर समय तकरार की
बातें नहीं अच्छी,
सभी की एक है मंजिल
तो फिर एक साथ हो लो ना…l

सतरंगी किरणों को
दुनिया में बिखरने दो,
सवेरा दे रहा दस्तक
दिलों के द्वार खोलो ना…ll

परिचय –सपना सक्सेना का साहित्यिक नाम ‘राशि’ है। आप ब्लॉग पर भी लिखती हैं। जन्म तारीख ३ जुलाई १९७६ एवं जन्म स्थान मुरादाबाद है। इनका निवास ग्रेटर नोएडा(उत्तर प्रदेश)में है। परास्नातक(अंग्रेज़ी) तथा एम.लिब.(प्रथम श्रेणी)तक शिक्षित राशि का कार्य क्षेत्र- शुद्धि पठन व अध्यापन है। वर्तमान में गृहिणी भी हैं। सपना जी की लेखन विधा-काव्य (गीत, कविता, छंद) है। रचनाओं का प्रकाशन विभिन्न समाचार पत्र व पत्रिका में होता रहा है। कई प्रतियोगिताओं में आप सम्मान पत्र प्राप्त कर चुकी हैं। लेखन का उद्देश्य-हिंदी के विकास में योगदान व लोगों तक अपनी बात पहुंचाना है। इनकी विशेषज्ञता-गीत सर्जन में है।

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