भोपाल (मप्र)।
तुलसी साहित्य अकादमी ने प्रतिष्ठित साहित्यकारों को तुलसी-रत्नावली सम्मान-२०२६ से अलंकृत किए जाने हेतु प्रविष्टियाँ आमंत्रित की हैं। यह सम्मान हिन्दी साहित्य की प्रमुख विधाओं में साहित्यकारों की जनवरी २०२२ से ३० मई २०२६ के मध्य प्रकाशित कृतियों को आधार मानकर दिए जाने हैं। इसके लिए ३० जून २०२६ तक का समय है।
अकादमी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. मोहन तिवारी ‘आनंद’ (९८२७२४ ४३२७) ने बताया, कि निर्धारित पते (सुन्दरम बंगला, ५०, महाबली नगर, कोलार रोड भोपाल-४६२० ४२), मप्र) पर साहित्यकार जीवन परिचय, चित्र एवं प्रकाशित कृतियों की २ प्रति सहित भेजें। स्मरणीय रहे कि किसी भी प्रकार का प्रविष्टि शुल्क नहीं भेजना है। इसके अंतर्गत- तुलसी शिखर सम्मान-२०२६ समग्र लेखन के लिए १ पुरुष साहित्यकार को, रत्नावली शिखर सम्मान-२०२६ समग्र लेखन के लिए १ महिला साहित्यकार को दिया जाएगा। ऐसे ही तुलसी-रत्नावली सम्मान-२०२६ उत्कृष्ट गीत-नए गीत की रचना के लिए, तुलसी-रत्नावली सम्मान-२०२६ उत्कृष्ट ग़ज़ल सृजन हेतु एवं तुलसी-रत्नावली सम्मान-२०२६ उत्कृष्ट कहानियों-लघु कहानियों की रचना के लिए दिया जाएगा। तुलसी-रत्नावली सम्मान-२०२६ उत्कृष्ट कविता-नई कविता सृजन हेतु, तुलसी-रत्नावली सम्मान-२० २६ उत्कृष्ट बाल साहित्य सृजन हेतु, तुलसी-रत्नावली सम्मान-२० २६ उत्कृष्ट उपन्यास सृजन हेतु, तुलसी-रत्नावली सम्मान-२०२६ उत्कृष्ट नाटक-एकांकी सृजन के लिए तथा तुलसी-रत्नावली सम्मान-२०२६ उत्कृष्ट समीक्षा-यात्रा वृतांत कृति सृजन हेतु चयन समिति की अनुशंसा के आधार पर समारोह में दिए जाएंगे। सम्मान समारोह में उपस्थिति अनिवार्य होगी।