हर हाल में ज़िंदगी
नीलम प्रभा सिन्हाधनबाद (झारखंड)********************************************* हर हाल में ज़िंदगी को गले लगाइए,कभी खुशी, कभी ग़म-ज़िंदगी के दो पहलूकभी तो हँसाए, कभी तो रुलाए,अजब-ग़ज़ब है ज़िंदगी मेरी। हँसकर गले लगाइए,काँटों भरी राहों में फूल उगाइएसंघर्ष भरी ज़िंदगी है तो,अपने को आज़माइए। कठिन परिश्रम से अपने को ऊपर उठाइए,ज़िंदगी को उन्नति की राहों पर लाने के लिएअपनी मेहनत … Read more