धर्म और पर्यावरण संरक्षण
पूनम चतुर्वेदी शुक्लालखनऊ (उत्तरप्रदेश)************************************** पृथ्वी पर जीवन की निरंतरता जिन २ स्तंभों पर टिकी है, उनमें से एक है – मनुष्य की आस्था और दूसरा है प्रकृति का संतुलन। जब तक ये दोनों एक-दूसरे के पूरक रहे, तब तक मानव सभ्यता फलती-फूलती रही, किंतु जैसे-जैसे आधुनिकता के नाम पर मनुष्य ने प्रकृति को उपभोग की … Read more