नाट्य-साहित्य के पुरोधा थे डॉ. चतुर्भुज, गीत-निर्झर थे विशुद्धानंद

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पटना (बिहार)। रेल में अधिकारी और आकाशवाणी में निदेशक रहे बिहार के महान रंगकर्मी डॉ. चतुर्भुज नाट्य-साहित्य के प्रणम्य पुरोधा थे। नाट्य-साहित्य को मंचन योग्य शिल्प देकर उन्होंने न केवल रंगमंच को समृद्ध किया, अपितु अपनी मोहक काव्य-कल्पनाओं से ऐतिहासिक नाटकों को विपुल समृद्धि प्रदान की। अपने नाटकों से उन्होंने यह भी सिद्ध किया कि … Read more

‘सागर से अंतरिक्ष तकःभारत की रक्षा क्रांति’ को मिला अकादमिक अनुदान

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नई दिल्ली। जब शब्द राष्ट्र की सुरक्षा और सामरिक स्वावलंबन की गाथा बन जाते हैं तो वे राष्ट्रीय चेतना का दस्तावेज कहलाते हैं। हिन्दी अकादमी, दिल्ली ने इसी चेतना को सम्मान देते हुए वरिष्ठ पत्रकार- लेखक योगेश कुमार गोयल की कृति ‘सागर से अंतरिक्ष तकःभारत की रक्षा क्रांति’ के लिए प्रकाशन अनुदान की घोषणा की … Read more

‘ग़ज़ल कुंभ-२०२६’ साहित्यिक उत्सव में पुस्तकें लोकार्पित

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पटना (बिहार)। ‘ग़ज़ल कुंभ-२०२६’ के अंतर्गत वाराणसी के पटेल भवन में अंतरराष्ट्रीय साहित्यिक कार्यक्रम किया गया। प्रसिद्ध शायरा डॉ. पूनम सिन्हा ‘श्रेयसी’ (पटना) के ग़ज़ल संग्रह ‘चाक दामन’ और साहित्यकार राजकांता राज की पुस्तक (बाल ग़ज़ल संग्रह) ‘मेंढक बोला टर्र-टर्र-टर्र’ का भी लोकार्पण किया गया। इस कार्यक्रम के संयोजक प्रसिद्ध शायर दीक्षित दनकौरी रहे। अध्यक्षता … Read more

बसंतोत्सव में बही काव्यगंगा

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प्रयागराज (उप्र)। माघ मेला प्रयागराज में श्री देवराहा बाबा सेवाश्रम शिविर में कवि सम्मेलन आयोजित किया गया, जिसमें देर रात तक काव्य गंगा प्रवाहित होती रही। सभी कवियों को अंगवस्त्र, श्री देवरहा बाबा साहित्य और सम्मान राशि देकर अभिनंदित किया गया।सेवाश्रम के संस्थापक श्री गुरुदेव भगवान की जन्म जयंती पर बसंतोत्सव पर डॉ. शंभूनाथ त्रिपाठी … Read more

पुस्तकें व्यक्तित्व के साथ चरित्र निर्माण का भी सशक्त माध्यम-प्रो. पाल

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कुरुक्षेत्र (हरियाणा)। पुस्तकें केवल जानकारी का स्रोत नहीं, बल्कि व्यक्तित्व एवं चरित्र निर्माण का सशक्त माध्यम भी हैं। आज के डिजिटल युग में भी पुस्तकों का महत्व कम नहीं हुआ है। साहित्य दर्शन, विज्ञान और सम-सामयिक विषयों से संबंधित पुस्तकों का भी अध्ययन करें, ताकि व्यापक और संतुलित दृष्टिकोण बन सके।यह विचार विवि के कुलसचिव … Read more

हिन्दी में देश की संवेदनाएँ और करुणा की अभिव्यक्ति-राज्यपाल

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बिहार हिन्दी साहित्य सम्मेलन महाधिवेशन… पटना (बिहार)। देश में सभी भारतीय भाषाओं की उन्नति हो, यह आवश्यक है, किंतु एक स्वतंत्र राष्ट्र के लिए आवश्यक है कि देश की एक भाषा को इस तरह अवश्य विकसित किया जाए, जिसमें पूरा देश संवाद कर सके और हिन्दी यह कार्य कर रही है। इसमें देश की संवेदनाएँ … Read more

‘गणतंत्रोत्सव’ पर हुई राष्ट्रप्रेम से ओत-प्रोत रचनाओं की प्रस्तुति

सोनीपत (हरियाणा)। पावन ‘गणतंत्र दिवस’ की पूर्व संध्या पर कल्पकथा साहित्य संस्था परिवार के तत्वावधान में २३३ वीं कल्पकथा साप्ताहिक आभासी काव्यगोष्ठी ‘गणतंत्रोत्सव’ अत्यंत गरिमामय एवं राष्ट्रप्रेम से ओत-प्रोत वातावरण में हुई। यह साहित्यिक आयोजन सतत् राष्ट्रभावना की दिव्य प्रवाहधारा के साथ चलता रहा। परिवार की संवाद प्रभारी श्रीमती ज्योति राघव सिंह ने बताया कि … Read more

पुष्पलता जोशी स्मृति बाल कहानी स्पर्धा में १ अप्रैल तक अवसर

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अल्मोड़ा (उत्तराखंड)। पुष्पलता जोशी स्मृति बाल कहानी प्रतियोगिता २०२६ (पूर्व उप शिक्षा निदेशक स्व. विपिन चंद्र जोशी, अल्मोड़ा द्वारा अपनी पत्नी स्व. पुष्पलता जोशी की स्मृति में स्थापित) के लिए अ.भा. स्तर पर महिला रचनाकारों से प्रविष्टि आमंत्रित हैं। यह १ अप्रैल तक भेजनी है। जानकारी अनुसार प्रविष्टि के तहत बच्चों के मन में वैज्ञानिक … Read more

संजय वर्मा ‘दृष्टि’ को मिला ‘उत्तम सृजन’ सम्मान

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मनावर (मप्र)। अंतरराष्ट्रीय साहित्यिक मित्र मंडल (जबलपुर) द्वारा ‘कुछ तुम लिखो, कुछ हम लिखें’ विषय पर उत्कृष्ट लेखन प्रस्तुति कराई गई। इसमें लेखकों ने निर्णायक मंडल का दिल जीत लिया। इसमें प्रस्तुति अनुसार मनावर (धार, मप्र) के लेखक संजय वर्मा ‘दृष्टि’ को मंच ने ‘उत्तम सृजन’ सम्मान से अलंकृत किया। प्रशस्ति-पत्र संस्थापक विनय पाण्डेय ने … Read more

सेंवढ़ा में हुआ अ.भा. कवि सम्मेलन

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दतिया (मप्र)। सेंवढ़ा में मुख्य अतिथि के रूप में क्षेत्रीय विधायक प्रदीप अग्रवाल के आतिथ्य में गांधी पुस्तकालय परिसर में अखिल भारतीय कवि सम्मेलन हुआ। इस अवसर पर पुस्तकालय अध्यक्ष सुरेश पटेल, रामप्रकाश पाठक, रामस्वरूप यादव, पूर्व मंडी अध्यक्ष अरुण शर्मा अन्ने व अन्य साहित्यप्रेमियों ने विधायक का शाल-श्रीफल भेंट कर स्वागत किया।