शिव वंदना
दीप्ति खरेमंडला (मध्यप्रदेश)************************************* महादेव शंभू त्रिपुरारी,शीश चंद्र जटा गंगाधारीॐ नमः शिवाय का जाप करूं,मैं शत शत तुम्हें प्रणाम करूं। तुम हो आदि अनंत महादेवा,कैलाश पर्वत पर है डेरागोद में गणपति संग में गौरा,शत-शत तुम्हें प्रणाम करूं। भस्मी रमाए अंग-अंग में,डम-डम डमरू बाज रहाहाथ त्रिशूल गले सर्पों की माला,शत-शत तुम्हें प्रणाम करूं। दुख की धूप में … Read more