अहंकार को नष्ट करना होगा
संजय एम. वासनिकमुम्बई (महाराष्ट्र)************************************* हर चीज़ जल रही है,आग की लपटें उठ रही हैये लपटें कहाँ से आ रही हैं ?मन के अंदर से शायद…! मन एक ज्वलनशील यंत्र है,यह उन सभी चीजों कोजला देता है, झुलसा देता है,जिन्हें हम देखते हैंजिसे हम सुनते हैं,जो हम सूंघते हैंजो हम चखते हैं,जिसे हम छूते हैंऔर जिस … Read more