शीघ्र आ जाइए
डॉ.एन.के. सेठीबांदीकुई (राजस्थान) ********************************************* रचना शिल्प-८, ८, ८,६… हर पल भारी लगे,हर साँस तुम जगे,प्रतीक्षा में बीते पल,शीघ्र आ जाइए॥ मिट जाएगा अंधेरा,होगा फिर से सवेरा,प्रतीक्षा का फल मीठा,टेर लगाइए॥ पल में उमंग जगे,हिया धड़कन लगे,प्रतीक्षा के बीच गीत,गुनगुनाइए॥ कैसे कहूँ मन बात,तड़पत दिन-रात,अगन-सी जल रही,इसे बुझाइए॥ परिचय-पेशे से अर्द्ध सरकारी महाविद्यालय में प्राचार्य (बांदीकुई,दौसा) डॉ.एन.के. सेठी का बांदीकुई में ही स्थाई निवास है। १९७३ में १५ जुलाई को बड़ियाल कलां,जिला दौसा (राजस्थान) में … Read more