दरिद्रता होने पर इतराना क्यों ?
ममता तिवारी ‘ममता’जांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** आज ऐसा कौन है जो दरिद्र नहीं। हर किसी को किसी न किसी प्रकार की दरिद्री है। दरिद्र कई प्रकार के होते हैं,-धन से, तन से, ज्ञान से, समझ से, मन से, रूप से, गुण से, जन से और स्वास्थ्य से।इस संसार में सम्पूर्ण कुछेक जन ही हैं। एक बलिष्ठ सकल अंगों … Read more