महासंत रविदास मानवता के सार
प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश)******************************************* महासंत रविदास जी, मानवता के सार।फैलाकर के जो गए, एक नया उजियार॥ महासंत रविदास जी, थे समता के रूप।अपने युग को दे गए, जो सूरज की धूप॥ हरिपूजा की श्रेष्ठता, धारण करके खूब।रीति-नीति की दे गए, हमको पावन दूब॥ महासंत रविदास जी, गाकर के मृदुगीत।बने मनुज की चेतना, के सच्चे मनमीत॥ … Read more