‘विजय दिवस’ अभिमान

सीमा जैन ‘निसर्ग’खड़गपुर (प.बंगाल)********************************* शूरवीर भारतीय सेना (विजय दिवस विशेष)… सदा रहा था, सदा रहेगा,सिर से पाँव तलक रहेगादेश पर मर-मिटती सेना पर,भारत को बड़ा गर्व रहेगा। ‘विजय दिवस’ अभिमान हमारा,जिसने देश का भाल संवारादुश्मनों को धूल चटवाकर,सबको सुरक्षित दिया किनारा। ख़ाक में जिसने पाक मिलाया,बांग्लादेश का उदय कराया।तिरानवे हजार शत्रु को जबरन,आत्मसमर्पण की राह … Read more

नमन है देश के वीरों का

पद्मा अग्रवालबैंगलोर (कर्नाटक)************************************ शूरवीर भारतीय सेना (विजय दिवस विशेष)…. जब सुनती हूँ १९७१ के वीरों की गाथागर्व से सीना चौड़ा हो जाता है,मैं भी इस वीर भूमि में रहती हूँयह सोच कर गर्वित हो उठती हूँ। जब भी पढ़ती-सुनती हूँवीरों की कुर्बानियाँ,दिल में हूक-सी उठती हैआँखों से अश्रु झर-झर बह उठते हैं। उजड़ गए वीर … Read more

दिया सुलभ शिक्षा ज्ञान

आचार्य संजय सिंह ‘चन्दन’धनबाद (झारखंड )****************************************************** ‘महामना’ मदन मोहन मालवीय जन्मदिन (२५ दिसम्बर) विशेष…. ‘महामना’ थे महात्मा, व्यक्तित्व बड़े महान,देश-समाज ने उपाधि कर दी उन्हें प्रदानगरीब, दलित, पिछड़ों को दिया उन्होंने सम्मान,मध्यम वर्ग गरीब को दिया सुलभ शिक्षा का ज्ञान। समाज सेवा, समर्पण, नेतृत्व से पाया काँग्रेस में भी मान,कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष चार दफा … Read more

अंतर्मन के दीप जलाओ

डॉ.राम कुमार झा ‘निकुंज’बेंगलुरु (कर्नाटक) ************************************************* अंतर्मन के दीप जलाओ, छिपा जहाँ प्रभु-धाम,आत्मा सो परमात्मा है, तज दो सब अभिमान। कण-कण में वह विराजे, धड़कन उसकी श्वांस।मौन प्रार्थना बन जाती, जब मन हो निष्प्रपंच विलास। अंतर के शिवलिंग में बसकर, करता तुमसे बात,सुनना तो तुम सीखो, उसमें है सौगात। आत्मा की ज्योति उजाले, अज्ञान के … Read more

बना रही पहचान ‘गाँव की बेटियाँ’

कुमारी ऋतंभरामुजफ्फरपुर (बिहार)************************************************ अपनी अलग पहचान बना रही है गाँव की बेटियाँ,विषैली हवाओं से अनजान गाँव की बेटियाँहर कदम फूंक-फूंक कर रखती है गाँव की बेटियाँ। बना रही है अलग पहचान गाँव की बेटियाँ,खुद पर है विश्वास माँ-बाप का है स्वाभिमानओढ़नी और घुंघरू से हो रही है आजाद गाँव की बेटियाँ। भोली-भाली दुनिया से अनजान … Read more

ये प्यारा मौसम

ममता साहूकांकेर (छत्तीसगढ़)************************************* दिसम्बर का महीना आया,संग में देखो क्या-क्या लाया। कांप रहे सब सर्दी में,लिपटे हैं ऊनी वर्दी में। ठंड का बढ़ गया कहर,चल रही है शीतलहर। स्वेटर, टोपी, मोजे, मफलर,बन गए हैं हमसफर। चलने लगी जब पुरवाई,निकाले सबने कम्बल-रजाई। दुबक गए सब बिस्तर पर,देर से सूरज पड़े दिखाई। कभी छाए घना कोहरा,कभी ओस … Read more

प्रकृति के उपहार

सरोजिनी चौधरीजबलपुर (मध्यप्रदेश)********************************** धरती नदियाँ और पहाड़देते हमको निशदिन ज्ञान,सहनशीलता धरती जैसीअडिग रहो पर्वत के जैसे,नदियों सी तुम बना के राहचलो सोच कर जहाँ हो चाह। वृक्ष सिखाते ले लो ज्ञानसदा नम्र हो तव व्यवहार,बिन माँगे तुम देना सीखोमधुर-मधुर वाणी उच्चार,खिल-खिल कर फूल ये कहतेहँस कर सह लो शूल का वार। दिनकर की देखो तुम … Read more

‘विजय दिवस’ है अद्भुत गाथा

आचार्य संजय सिंह ‘चन्दन’धनबाद (झारखंड )****************************************************** १६ दिसंबर ‘विजय दिवस’ है शौर्य की अद्भुत गाथा,१९७१ भारतीय युद्ध ने तोड़ा पाकिस्तानी सेना का माथाभारत की ऐतिहासिक जीत से हुई पाक की खोपड़ी बाथा,बंगलादेश आज़ाद करा कर तोड़ दी सब बाधा। कड़ी टक्कर, युद्ध, जंग में भारत ने पाक को नाधा,पाकिस्तानी जनरल नियाजी ने आत्म समर्पण साधा१३ … Read more

अकेले हैं तो क्या गम है

पद्मा अग्रवालबैंगलोर (कर्नाटक)************************************ “माई डियर लेखिका पत्नी, आज शाम को सरप्राइज पार्टी है”, सजल ने प्यार से उन्हें अपने आगोश में लेकर चूम लिया था। “शाम को तैयार रहना… मैं गाड़ी भेज दूँगा,बाय…” कहते हुए वह ऑफिस चले गए।आज सरप्राइज पार्टी सजल क्यों दे रहे हैं…! न बर्थ-डे है, न ही एनिवर्सरी। वह काफी देर … Read more

अरी यामिनी…मानी गलती

डॉ.राम कुमार झा ‘निकुंज’बेंगलुरु (कर्नाटक) ************************************************* अरी यामिनी मानी गलती, छोड़ प्रीत मन राग प्रिये,देखो सुरभित मना रही है, रजनीगंधा गुलज़ार प्रिये। मेरी चाँदनी हर आँगन में, तेरा ही नाम लिखे है,नील गगन की हर धड़कन में, तेरा संदेश छिपे है। मैंने तो हर तारा तोड़कर, तेरी सेज सजाई है,ओस-कणों की शीतल हँसी, पलकों पर … Read more