देशभक्ति

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश) ******************************************* मेरी सेना के योद्धा (केंद्र- जनरल बिपिन रावत) भारत माँ का लाल हूँ,दे सकता हूँ जान,गाता हूँ मन-प्राण से,मैं इसका यशगान।आर्यभूमि जगमग धरा,बाँट रही उजियार-इसकी गरिमा,शान पर,मैं हर पल क़ुर्बान॥ भगतसिंह,आज़ाद का,अमर सदा बलिदान,ऐसे पूतों ने रखी,भारत माँ की आन।जो भारत का कर गए,सचमुच चोखा भाग्य-ऐसे वीरों ने दिया,हमको नवल … Read more

अमर रहेगा

एस.के.कपूर ‘श्री हंस’बरेली(उत्तरप्रदेश)********************************* मेरी सेना के योद्धा (केंद्र- जनरल बिपिन रावत) नाम तेरा तो हमेशा अब अमर रहेगा,शत्रु तक भी तुझको बहादुर अब कहेगा।अश्रुपूरित श्रद्धांजलि अर्पित भारत के लाल को-सेना की रगों में तेरा जोश ही अब बहेगा॥

कर्म और संघर्ष ही जीवन

एस.के.कपूर ‘श्री हंस’बरेली(उत्तरप्रदेश)********************************* वाणी से ही खुशी और वाणी से ही तूफान होता है,वाणी से होती पीड़ा और वाणी से ही आराम होता है।वाणी काम करती मरहम,दवा और दुआ की तरह-वाणी से ही सिद्ध,आदमी का हर काम होता है॥ कठिनाई से ही हमें,अंदर ताकत की पहचान होती है,भीतर सोई हुई क्षमता को,जगाने का काम होती … Read more

वंदन

डॉ. आशा मिश्रा ‘आस’मुंबई (महाराष्ट्र)******************************************* काँटों की परवाह नहीं जब साथ अगर हो फूलों का,कठिन राह में प्रभु हों संग में भय फिर क्या शूलों का।वंदन करती अंधकार में प्रकाश बनकर राह दिखाना-सबका जीवन सुख से भर दें पेंग लगा के झूलों का॥ परिचय–डॉ. आशा वीरेंद्र कुमार मिश्रा का साहित्यिक उपनाम ‘आस’ है। १९६२ में … Read more

चन्द्रप्रभा की श्वेत सुषमा

ममता तिवारी ‘ममता’जांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** दिव्य भव्य सजनी यह रजनी,छवि पूर्णमासी निखार,बन कंचन कुम्भ रिक्त अवनी राका झरे मधु तुषार।कण रेणु मणि मुक्ता बन चमके,मुग्धा वेणु सप्त सूर-नृत्य मगन कर यमुना लहरी,मनभावन छाय बहार॥ दीप्त दमकत राधिका रानी,चम्पई गोपियाँ मुखार,महारास करे सौदामिनी,लपक-लपक रूप सँवार।चन्द्रप्रभा की श्वेत सुषमा,स्मृति विस्मित मेधा मुग्ध-नाच रहे मध्य जीव जुगनी,तन जीवन लीलनहार॥ परिचय–ममता … Read more

बिखरी-सी जिंदगी

बोधन राम निषाद ‘राज’ कबीरधाम (छत्तीसगढ़)******************************************* बिखरी-सी है जिंदगी,बिखरे-बिखरे केश।देखो तो इनको जरा,सुन्दरतम् है वेश॥सुन्दरतम् है वेश,नाज-नखरे हैं करती।जब भी देखूँ रूप,हाय वो आहें भरती॥कहे ‘विनायक राज’,चंद्र-सी वो है निखरी।केश घटा घनघोर,व्योम में देखो बिखरी॥

हों कोशिशें बेहिसाब

एस.के.कपूर ‘श्री हंस’बरेली(उत्तरप्रदेश)********************************* सीने में जोश और बस आँखों में ख्वाब रखो,हज़ारों हों उलझनें पर कोशिश बेहिसाब रखो।रवानगी का नाम ही तो जिन्दगानी है-बस बना कर उम्मीद और हौंसला जनाब रखो॥ बुरा वक्त हमको हमारी,ताकत को बताता है,कौन अपना-कौन पराया,इसको वो जताता है।हार से भी मिलता है,अनुभव बेमिसाल-समय कठिन हमारी छिपी शक्ति दिखाता है॥ संघर्षों … Read more

पुलकित हो सौहार्द

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश) ******************************************* सबसे हिल-मिलकर रहो,तभी बनेगी बात,जब सब सद्भावी बनें,तब रोशन हो रात।यही आज संदेश है,यही आज उद्घोष-भारतवासी एक हों,तब मिलती सौगात॥ हिन्दू-मुस्लिम एक हैं,मानव सारे एक,सबको बनना है यहाँ,मानुष चोखा,नेक।पुलकित हो सौहार्द नित,नेह पले हर हाल-सभी धर्म तो एक हैं,दिखते भले अनेक॥ अंधकार में रोशनी,बिखरेगी तब ख़ूब,उगे देश में एकता,की जब … Read more

जाने दुआ कब काम आ जाए

एस.के.कपूर ‘श्री हंस’बरेली(उत्तरप्रदेश)********************************* एक दिन तो सबको ही जाना है,छूट जायेगा यहीं पर सारा ताना-बाना है।अमर नहीं जीवन,बस करो कर्म अच्छे-गिनती की साँसें,गिनती का ठिकाना है॥ जब आता बुलावा,चलता नहीं बहाना है,इस सृष्टि का यह सच यही फसाना है।इसलिए कहते कि,करो कुछ उपकार भी-प्रभु के पास जाकर,वह हिसाब दिखाना है॥ गिने हुए श्वांस का ही,यह … Read more

बच्चों को रोशनी चाहिए

एस.के.कपूर ‘श्री हंस’बरेली(उत्तरप्रदेश)********************************* बाल दिवस विशेष…. बच्चों को मंहगे त्यौहार नहीं,उन्हें संस्कार दीजिये,उनको अपनी अच्छी सीखों,का उपहार दीजिये।आधुनिक खिलौने तो ठीक है,परन्तु उनके लिए भी-कैसे करें बड़ों से बात वह,उचित व्यवहार दीजिये॥ बच्चों को अभिमान नहीं,स्वाभिमान सिखाइये,आलस्य नहीं गुण उनको,श्रम दान बताइये।बच्चों चमक ही चमक नहीं,उनको चाहिये रोशनी-दिखावा नहीं आदर आशीर्वाद,का गुणगान दिखाइये॥ बच्चों को … Read more