जगत के पिता
हरिहर सिंह चौहानइन्दौर (मध्यप्रदेश )************************************ ‘रामनवमी’ विशेष (२६ मार्च)… राम सुख के सागर,करतें हैं हम सब पर कृपाउनका ‘विश्वास’ व त्याग अमर,वह है, हमारे ‘जगत’ के पिता। ‘राम’ नाम की छवि ‘मनोहारी’,राम से ही जग अभिलाषीउनके बिना तो पत्ता भी नहीं हिलता,वह है, हमारे ‘जगत’ के पिता। मर्यादा पुरुषोत्तम राजा ‘राम’ के,कर्म ने सिखा दिया … Read more