आज़ादी की अलख जगाई

आचार्य संजय सिंह ‘चन्दन’धनबाद (झारखंड )*************************************************** ‘शहीद दिवस विशेष’ (२३ मार्च)… २३ मार्च शहीदों की यादें थी ताजा करती,आज़ादी के महासमर में देशप्रेम थी भरतीभगत, सुखदेव, राजगुरु, फांसी के विरुद्ध भीड़ उमड़ती,काश! वकील साथ तो देते, अंग्रेजों को तमाचा पड़ती। शहीद भगत सिंह-लाहौर से पंजाब तक की पूरी पढ़ाई,देशप्रेम से ओत-प्रोत हो क्रांति ज्योत जलाईब्रिटिश … Read more

अक्ल बड़ी या भैंस ?

राधा गोयलनई दिल्ली****************************************** हमारे शरीर की समस्त चेष्टाओं का संचालन मस्तिष्क द्वारा होता है, जिनमें अग्रणी है बुद्धि बल। इस बल के आगे सभी बल फीके पड़ जाते हैं। ऐसे अनेक उदाहरण हैं, जहाँ शारीरिक बल पर बुद्धि ने विजय पाई। बुद्धिमान लोगों ने अपने बुद्धि बल से साम्राज्यों के उत्थान पतन में बहुत बड़ी … Read more

कौन देखता आइना यहाँ पर ?

कुमारी ऋतंभरामुजफ्फरपुर (बिहार)************************************************ जनभाषा में न्याय… हर कोई दोस्ती करना चाहता है,हर कोई दिवानगी में आगे आना चाहता है। फोन में तरह तरह के एप हैं, खिल जाते हैं मन यहाँ,फोन फ्रेंड बनते हैं, फिर फोन से खत्म भी हो जाते हैं। कौन देखता आइना यहाँ पर,अब तो खूबबसूरत-सी परी देखते हैं यहाँ। टूट कर … Read more

प्रताड़ित अधिवक्ता इंद्रदेव प्रसाद का सर्वोच्च न्यायालय तक संघर्ष जारी

मुम्बई (महाराष्ट्र) | पटना उच्च न्यायालय के अधिवक्ता इंद्रदेव प्रसाद (जो पटना उच्च न्यायालय की भाषा हिंदी में ही वकालत करने के लिए जाने जाते हैं और इसी के लिए प्रताड़ित होते रहे हैं) ने बताया कि उन पर पटना उच्च न्यायालय के महाधिवक्ता द्वारा हिंदी में वकालत न करने का दबाव लगातार बनाया गया। … Read more

‘कृत्रिम मेधा’ और मानवीय रिश्ते

डॉ. शैलेश शुक्लाबेल्लारी (कर्नाटक)**************************************** समय की संध्या और सुबह के संगम पर खड़ा आधुनिक मनुष्य एक ऐसे युग का साक्षी है, जहाँ संवाद की सरिता अब शब्दों से अधिक संकेतों, स्पर्शों से अधिक पर्दे (स्क्रीन) और संवेदनाओं से अधिक सॉफ्टवेयर के सहारे बह रही है। ‘कृत्रिम मेधा’ ने न केवल कार्य और व्यापार की दुनिया … Read more

भारत की शान, भारत की पहचान

नीलम प्रभा सिन्हाधनबाद (झारखंड)********************************************* भारत की शान,भारत की पहचान-मृदुल, मृदुल व्यवहार,व्यक्ति-व्यक्ति की मददगारहर अतिथि का स्वागत,मधुर-मधुर मुस्कान लिएदोनों कर जोड़कर,मुस्कान लिए होंठों परमीठी-मीठी बोली,शहद घोलकर-नमस्कार, नमस्कार। यही भारत की शान,यही भारत की पहचान…। कोई दुश्मन भी अगर,आ जाए भारत की शरणसरलता से, प्रेम सहित,सही-सही समझाकरउसकी विवेक को जागृत कर दे,मधुर-मधुर मुस्कान लिए,दोस्ती का हाथ बढ़ाए। … Read more

हे जगत जननी

शीला बड़ोदिया ‘शीलू’इंदौर (मध्यप्रदेश )*********************************************** हे, जगत जननी!चंद्रघंटा, माँ कुष्मांडा,जगत की पालनहारीसंसार में तेरा ही बाजे डंका। हे अम्बे!, हे दुर्गे!जपे है नाम तुम्हारा,चारों ओर फैले, पापियों कानाश कर, तुमने संहारा। हे माँ, कालरात्रि, चामुंडा!चंड-मुंड संहारने वाली,निर्बलों की रक्षक, राक्षसों की भक्षकसिंह पे बैठ, हुंकार भरो। हे माँ, नवदुर्गे!अवगुण का नाश करो,नवघट स्थापना से,प्रकृति में … Read more

‘शतायु संघ और महिला सहभागिता’ पुस्तक लोकार्पित

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दिल्ली। एनडीएमसी कन्वेंशन सेंटर में प्रभात प्रकाशन द्वारा प्रकाशित प्रसिद्ध समाज सेविका और लेखिका डॉ. शोभा विजेंद्र की पुस्तक ‘शतायु संघ और महिला सहभागिता-विलक्षण एकात्मकता’ का लोकार्पण किया गया। इसकी अध्यक्षता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आम्बेकर ने की। विशिष्ट अतिथि दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. विजेंद्र गुप्ता रहे।संघ के १०० … Read more

‘मनोरंजन’ की गिरावट और ‘मौन’ सेंसर बोर्ड

अजय जैन ‘विकल्प’इंदौर (मध्यप्रदेश)***************************************** ‘कृत्रिम बुद्धिमत्ता’ के दौर में इन दिनों शायद सेंसर बोर्ड ने भी देशवासियों की बुद्धि को कृत्रिम ही समझ लिया है, वरना क्या बिसात कि ‘सरके चुनर तेरी सरके’ जैसा द्विअर्थी गीत बाज़ार में आ जाता।इस गीत में कलाकारों के रूप में नर्तकी नोरा फतेही और अभिनेता संजय दत्त दिखाई देते … Read more

भोपाल में २६ से नाटकों का मंचन, मिलेंगे शेखर सुमन भी

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भोपाल (मप्र)। राजधानी भोपाल में २६ से २९ मार्च तक इंडिमून्स आर्ट फेस्टिवल होगा। रवीन्द्र भवन के हंसध्वनि सभागार में रोज शाम साढ़े ७ बजे यह नाटक मंचित होंगे।जानकारी के अनुसार रंग थिएटर, कल्चरल और सोशल वेलफेयर सोसायटी का यह आयोजन इस बार भी नए अंदाज में लाया गया है। इसका मुख्य ध्यान युवाओं को … Read more