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‘​चल रही गूँगी हवाएँ’ नवगीत संग्रह लोकार्पित 

​उज्जैन (मप्र)।

साहित्यकार अशोक रक्ताले फणीन्द्र के नवगीत संग्रह ‘चल रही गूँगी हवाएँ’ का लोकार्पण समारोह गरिमामय वातावरण में हुआ। अध्यक्षता वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. श्रीकृष्ण जोशी ने की।
     कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना से हुआ। श्री रक्ताले ने संग्रह का परिचय देते हुए पृष्ठभूमि पर प्रकाश डाला। ​मुख्य वक्ता डॉ. प्रमोद त्रिवेदी ने संग्रह के शीर्षक की सार्थकता पर अपने विचार व्यक्त किए। सम्राट विक्रम विवि के पूर्व कुलपति डॉ. बालकृष्ण शर्मा ने पुस्तक में प्रयुक्त बिंबों, प्रतीकों और रचनात्मक संवेदना का विश्लेषण प्रस्तुत किया।