खुद को समझाऊँ कैसे ?

अनिल कसेर ‘उजाला’ राजनांदगांव(छत्तीसगढ़)************************************ दर्द दिल का बताऊँ कैसे,रूठे यार को मनाऊँ कैसे। मोहब्बत हो गई है उनसे,एहसास ये दिलाऊँ कैसे। बिखर गए रिश्ते मोती से,माला एक बनाऊँ कैसे। तोड़ दिया दिल उसने जो,खुद को समझाऊँ कैसे। पेड़,सभी तुम काट रहे हो,मेघ कहे जल बरसाऊँ कैसे। झूठ से भरी इस दुनिया को,सच की राह दिखाऊँ कैसे। … Read more

अमर जवान

जसवीर सिंह ‘हलधर’देहरादून( उत्तराखंड)******************************************** भारत माँ का रक्षक हूँ और आग से आग बुझाता हूँ,अपने शोणित की बूंदों से माँ की तस्वीर सजाता हूँ। मैं चट्टानों से लड़ता हूँ और रेगिस्तान पठारों से,बर्फीले तूफानों से भी नदिया की उठती धारों से।सर्द गर्म मौसम से लड़ता बेरहम ठंड की रातों में,मैं भी दूल्हा बन जाता हूँ … Read more

प्रेम का पथ

डॉ. आशा गुप्ता ‘श्रेया’जमशेदपुर (झारखण्ड)******************************************* प्रकृति ने सिखाया प्रेम,समर्पित भाव से बंधनमानव से मानव करे प्रेमहृदय देखो बने चंदन। नेह से बने रिश्तों का,महकता है सदा प्रकाशप्रेम जोत जगे हृदय में,हो जाता मन वृंदावन। ममता के पलने में झूले,प्रेम आनंदित हो संतानमात-पिता,गुरू-सखा,प्रेम ही है सबका वंदन। सत प्रेम का पथ कठिन है,जाने स्वयं प्रभु ही … Read more

हिय की हर पीर हरूँ मैं

सुदामा दुबे सीहोर(मध्यप्रदेश) ******************************************* नित नूतन नव शब्दों का श्रृंगार करूँ मैं,स्वर के सुरीले रागों का आधार धरूँ मैं।विधि की बनी हुई सृष्टि की छवियों में,भाँति-भाँति के सुंदर से नित रंग भरूँ मैं॥ रंक भूप में भेद नहीं कोई करता हूँ,समदर्शी-सा एक नजर से देखे रहूँ मैं।दीन-हीन की सदियों से मैं आवाज रहा,लिख कर उनके हिय … Read more

जीत की आदत

संजय गुप्ता  ‘देवेश’ उदयपुर(राजस्थान) *************************************** मुझे जो उठने की लत लगी,वो गिरा-गिरा कर चूर हुए,मुझे जो जीतने की आदत पड़ी,वह फिर तो फुर्र हुएहार ना मानने का जज्बा,जीतने की आदत बना मेरा,फिर तो मुझे शिकस्त देने की सोच वाले,मजबूर हुए। तुम विजेता बन जाओगे,जीतने की आदत बनानी होगी,जो कुछ भी है तुम्हारे पास,उसको ताकत बनानी होगीकोई … Read more

मन से रखा है

ममता तिवारीजांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** मेरी हथेली में ला कर रख दिए थे तुमने,फागुन में दोने भर सिंदूरी लाल टेसूमैंने उसे सहेज कर रख दिया है वहीं,सावन में तुम्हारे लाए हुएमोगरे के गजरे के साथ,जतन से रखा हैमन से रखा है। क्वांर में नदी किनारे मेरे कपाल फिराई,काश के फुरफुरे फूलों वाली डंडियामुंडेर से उतरती एक मुट्ठी धूप,और … Read more

मित्रता निभाना

श्रीमती देवंती देवीधनबाद (झारखंड)******************************************* सुनो बताती हूँ मित्रों,मित्रता की जो है महानता,हर दु:ख की घड़ी में मित्र ही सन्मुख खड़ा रहता। मित्रता किए हो मित्र तो,मित्रता आप निभाना,जरूरत पड़े तो पास जाना,और पास बुलाना। भूल हो जाए मुझसे,तो अपने दिल पे नहीं लगाना,मित्रता तोड़ने वाले सदा तैयार हैं,जालिम जमाना। ‘मित्र’ शब्द को बहुत महत्वपूर्ण स्थान … Read more

वक़्त

रेणू अग्रवालहैदराबाद(तेलंगाना)************************************ वक़्त है बाक़ी जीवन सँवार लो अभी।अन्न के कंकर पानी से निथार लो अभी। जीवन का ताना-बाना अपने हाथ में नहीं,नाम लो रब का पाप को कटार दो अभी। सुखों का स्वागत करो सब मिलकर के,दुःखों को ख़ुदाया फ़ना ख़ार दो अभी। हसरतें पूरी करो आज ही सभी,ज़िन्दगी जीने को सार दो अभी। … Read more

कश्मीर फिर बने पूर्ण राज्य

डॉ.वेदप्रताप वैदिकगुड़गांव (दिल्ली) ******************************* कश्मीर के गुपकार-गठबंधन ने अपना संयुक्त बयान जारी किया है। प्रधानमंत्री के साथ २४ जून को हुई बैठक के बाद यह उसका पहला बयान है। इस बयान में कहा गया है कि,बैठक ‘निराशाजनक’ रही लेकिन उनका अब यह कहना ज़रा विचित्र-सा लग रहा है,क्योंकि उस बैठक से निकलने के बाद सभी नेता … Read more

हिंदी सिनेमा का सूरज अस्त हो गया

ललित गर्गदिल्ली ************************************** ७ जुलाई २०२१ की मनहूस सुबह वो खबर आई, जिसमें देश एवं दुनिया के करोड़ों लोगों का दिल तोड़कर ९८ साल की उम्र में बॉलीवुड का स्तम्भ इस दुनिया को अलविदा कह कर चला गया,हिन्दी सिनेमा का सूरज अस्त हो गया। जीवंत-अनुशासित अदाकारी के शिखर,अभिनय के शहंशाह,भारतीय सिनेमा जगत के पुरोधा,करोड़ों कलाकारों … Read more