समकालीन कविताएं दिनकर के युगधर्म,हुंकार और भूचाल से प्रभावित

कवि सम्मेलन…. मंडला(मप्र)। राजनीति जब डगमगाती है,तब साहित्य उसे संभाल लेता है। साहित्य की इस प्रासंगिकता को राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर बखूबी समझते थे। शायद,यही कारण था कि उन्होंने सौंदर्य शास्त्र की अनुपम भेंट ‘उर्वशी’ का सृजन करते हुए भी,राष्ट्रीय भावना से ओत-प्रोत ओजस्वी कविताओं का सृजन खूब जमकर किया।समकालीन कविताएं दिनकर के युगधर्म,हुंकार और … Read more

तर्पण करो,पाओ आशीष

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश) **************************************** पितृ पक्ष विशेष…… तर्पण पुरखों का करो,पाओ तुम आशीष।नहीं झुकेगा शीश प्रिय,दया करें जगदीश॥ पुरखे मंगल भाव रख,आते हैं इहलोक।तर्पण से पा नेह वे,परे हटाते शोक॥ तर्पण में तो धर्म है,अपनों का सम्मान।तर्पण से संस्कार भी,करते हैं यशगान॥ तर्पण पावन कर्म है,पुरखों की है याद।तर्पण से हटता सदा,जीवन का अवसाद॥ … Read more

रोचक हिंदी वर्णमाला

ममता तिवारीजांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** भारत की आत्मा ‘हिंदी’ व हमारी दिनचर्या  स्पर्धा  विशेष…… अ-अपनी हिंदी,आ-आत्मा की कुंडीइ-इस ओर आओ,ई-ईर्ष्या तृष्णा मिटाओउ-उधर मुठ्ठी में शब्द,ऊ-ऊपर इधर प्रारब्धऋ-ऋचाओं से लब्ध,ए-एक-एक अक्षरऐ- ऐसी सुंदर अन्य लिपि से बढ़कर,ओ-ओज हिंदी में लाइएऔ-और हिंदी तो क्या चाहिए,अं-अंगूरी की बिंदीअ:-लगती प्यारी हिंदी,क-कड़ी भारत जोड़ेख-खिली कली न तोड़े,ग-गेय ज्ञान की हिंदी गंगाघ-घट-घट बसती हो … Read more

महिमा भारत भूमि अपार

ममता तिवारीजांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** प्रति क्षण व्रत तथा त्यौहार,मिलकर हम मनाते हैं,महिमा भारत भूमि अपार,आज ऋषि गुण गाते हैं।पंचमी कर नारी घर द्वार,अशुद्धि से शुचिता पाती-ऋषि व्रत की कह कहानी सार,जिसे हम मिल गाते हैं॥ उन श्रेष्ठ सप्त ऋषियों स्मृति रख,स्वयं ऊर्जा शासित है,साधना से धूसर आकाश,तप-दीप्त प्रकाशित है।वामदेव,विश्वामित्र,वशिष्ठ,शौनक कण्व,द्वाज,अत्रि-तप सगुण ज्ञान तारा मंडल,श्रेष्ठ वन्दित,वासित है॥ परिचय–ममता … Read more

एक आध्यात्मिक व्यक्तित्व

डॉ.मधु आंधीवालअलीगढ़(उत्तर प्रदेश)**************************************** २०१३ की घटना है,मैं नगर निगम के पार्षद का चुनाव लड़ी और दूसरी बार पार्षद बनी। एक सामाजिक संगठन की भी सचिव थी तो मैं और संगठन के अध्यक्ष शहर में अवैध कट्टी घर पर लगातार बोल रहे थे। मैं निगम में कट्टी घर पर लड़ाई लड़ रही थी। उसी प्रकरण में … Read more

आर्यन जैसे अमीरजादों की जिंदगी की ‘प्रेरणा’ ?

अजय बोकिलभोपाल(मध्यप्रदेश)  ****************************************** बाॅलीवुड के ‘बादशाह’ कहे जाने वाले फिल्म अभिनेता-व्यवसायी शाहरूख खान के बेटे आर्यन खान को जिस तरह मुंबई की अदालत ने नशा (ड्रग्स) लेने और रखने के आरोप में हिरासत में भेजा है,उसकी पूरी हकीकत तो विवेचना के बाद सामने आएगी, लेकिन इस प्रकरण ने इतना जरूर साफ कर ‍दिया है कि … Read more

विदेश नीति पर नए सुझाव

डॉ.वेदप्रताप वैदिकगुड़गांव (दिल्ली) ******************************* दिल्ली के ‘सेंटर फार पालिसी रिसर्च’ ने अभी एक महत्वपूर्ण शोध-पत्र प्रकाशित किया है,जो वर्तमान भारतीय सरकार के लिए उत्तम दिशाबोधक हो सकता है। यह केंद्र मौलिक शोध और निर्भीक विश्लेषण के लिए जाना जाता है। इसने अभी जो शोध-पत्र प्रकाशित किया है,उसके रचनाकारों में भारत के अत्यंत अनुभवी कूटनीतिज्ञ,सैन्य अधिकारी और … Read more

भ्रष्टाचार मिटाएं

आशा आजाद`कृति`कोरबा (छत्तीसगढ़) ******************************************* बिगड़ रही है आज दशाएँ,बढ़ता भ्रष्टाचार है।मानवता को कलुषित करता,बाधित पथ उद्धार है॥ लोभ मोह के वश में मानुष,रिश्वत लेता शान से,तनिक नहीं वह क्षोभ करे है,हक छीने अभिमान से।शिक्षित दीनों के जीवन में,अध्ययन ही बेकार है,बिगड़ रही है आज दशाएँ,बढ़ता भ्रष्टाचार है…॥ नेता छलते आम मनुज को,रिश्वतखोरी ध्येय से,दीनों का … Read more

मोल कभी जान पाए नहीं

जसवीर सिंह ‘हलधर’देहरादून( उत्तराखंड)******************************************* मोल सैनिक कभी जान पाये नहीं,फौज के नाम पर लग रहा है दड़ा।जीतकर युद्ध भी हम झुके हैं सदा,प्रश्न है ये बड़ा,प्रश्न है ये बड़ा ??? कारगिल युद्ध में जीत कैसी हुई,कौन कहता है कि युद्ध जीते हैं हम।पांच सौ से अधिक वीर खो के वहां,जीत के नाम पर खून पीते … Read more

किसी के प्यार ने…

हीरा सिंह चाहिल ‘बिल्ले’बिलासपुर (छत्तीसगढ़) ************************************** किसी के प्यार ने इस जिन्दगी का रुख ऐसे बदला।अगर वो आप हैं तो फिर मिले बिन ही कैसे बदला॥किसी के प्यार ने… खुशी होती बहुत मुझको,मिटी वर्षों की तन्हाई,कभी दु:ख भी हुआ करता,न किस्मत मिलने की पाई।मुझे भाता नहीं शिकवा,शिकायत हो तो किससे हो,करूँ भी क्या,भला अब मैं,बदलना … Read more