है पर्व पुरुषार्थ का

आचार्य गोपाल जी ‘आजाद अकेला बरबीघा वाले’शेखपुरा(बिहार)********************************************* है पर्व पावन पुरुषार्थ का ये,जीत के नव‌ उल्लास काहै दीप देहरी पर सजे,है जीत तम पर प्रकाश की।है अनुपम त्यौहार ये,कार्तिक कृष्णपक्ष के अवसान कायम के पूजन विधान का ये,धनवंतरी के अवतरण का।देव पूजन हेतु दीपदान,है पर्व ये दिव्यार्थ काघोर-कालिमा की अंधियारी रात,पर्व अमावस में जगमग प्रकाश … Read more

अभी रुक जाओ यमराज

श्रीमती देवंती देवीधनबाद (झारखंड)******************************************* करती हूँ मैं तुमसे निवेदन,सुन लो आप मेरा क्रंदन,कहना मान जाओ मेरा,पकड़े हूँ मैं आपके चरण। अभी घूम रही हूॅ॑ हे यमराज,मैं माया के बाजार में,ख्वाब टूटे नहीं अभी,खोई हूँ सपनों के बाजार में। लौट के तुम जाओ यम,अभी मिलन की बेला है,अभी बाली उमर है मेरी,प्रेम प्रसंग की ये बेला … Read more

बदले रंग ज़माने के

मधु मिश्रानुआपाड़ा(ओडिशा)******************************** दीपावली पर्व स्पर्धा विशेष …… “अरे पप्पू यहाँ गाँव में कुम्हार तो है,शायद हरी नाम था उसका..! उससे ही तो दीदी,दीवाली के लिए दीए और कलश वगैरह लेतीं थीं…फ़िर शहर से ये सब क्यों ख़रीद कर ले आए..?” बरसों बाद उत्तर प्रदेश से आई मौसी ने कार से उतरते हुए पप्पू के थैले … Read more

बड़ी लगन से अन्नकूट पर्व मनाती थीं माँ

गोवर्धन दास बिन्नाणी ‘राजा बाबू’बीकानेर(राजस्थान)*********************************************** दीपावली पर्व स्पर्धा विशेष …… मेरी माँ श्री श्री नाथजी की पूजा करती थी,इसलिए वे जन्माष्टमी के अलावा दीपावली के दूसरे दिन अन्नकूट पर्व पर बालकृष्ण प्रभु को अर्पित किए जाने वाले छप्पन भोग वाला कार्यक्रम अवश्य करती थीं। वे अन्नकूट पर्व की तैयारी दशहरे के बाद से ही पूरे घर … Read more

दीपदान

आशा आजाद`कृति`कोरबा (छत्तीसगढ़) ******************************************* दीपावली पर्व स्पर्धा विशेष …… दीप जले घर आँगना सुंदर हो त्योहार,द्वेष कपट सब त्याग कर सुखी करें संसार।प्रेम भाव के तेल से जीवन बने उजास-दु:ख से ना हो सामना फैले निसदिन प्यार॥ प्रेम भाव को थाम कर नव भर दें उल्लास,दीन-दुखी के साथ चल जीतें नव विश्वास।हृदय भाव से जो … Read more

झिलमिल आई दिवाली

मनोरमा जोशी ‘मनु’ इंदौर(मध्यप्रदेश)  ***************************************** दीपावली पर्व स्पर्धा विशेष …… झिलमिल-झिलमिल आई दिवाली,खुशियों की सौगातें लाई।जब-जब दिवाली आती,मन के दीपक जल उठते।स्नेह युक्त दीपक बाती में,दिल से दिल घुलमिल जुड़ते।झूठी चमक-दमक में दबकर,दमदम जी दम फूल रहा है।तेल बिना सूखी है बाती,जीवन पल-पल झूल रहा है।क्या मालूम कब कौन बुझेगा,बहकी-बहकी बयार चल रही।दीपक दृष्टि दिशाविहीन है,कैसे … Read more

दीपावली ख़ुशियों वाली

डॉ. आशा मिश्रा ‘आस’मुंबई (महाराष्ट्र)******************************************* दीपावली पर्व स्पर्धा विशेष …… ‘दीपावली’ का नाम सुनते हीं दीयों की क़तार, रोशनी की जगमगाहट,आतिशबाज़ियाँ,रंगीन कंदील,रंग-बिरंगे कपड़े,गुजिया,लड्डू,मिठाईयाँ,नमकीन,चकली आदि…आदि…बहुत सारी बातें चलचित्र की तरह आँखों के सामने घूमने लगती हैं और चेहरे पर मुस्कुराहट बिखेर जाती हैं। इस वर्ष फिर ‘दीपावली’ का पावन पर्व देश की संस्कृति का दर्शन कराने … Read more

आई दिवाली

डॉ.धारा बल्लभ पाण्डेय’आलोक’अल्मोड़ा(उत्तराखंड) *************************************** दीपावली पर्व स्पर्धा विशेष …… आई दिवाली धूमधाम से,चारों ओर बहार।बच्चे-बूढ़े लोग सभी खुश,सबमें खुशी व प्यार॥ घर बाहर है साफ-सफाई,करते हैं सब लोग।हर्ष भरा उत्साह सभी में,करें सभी मनमोद॥ बम-पटाखे-फुलझड़ियों से,जगमग चारों ओर।दीप-दीप मालाओं से हर-घर है भावविभोर॥ जगमग लड़ियों से घर आँगन,रात अंधेरी में भी।खुशी से झूमें सभी लोग,उजियारी … Read more

शुभ दीवाली आई

बोधन राम निषाद ‘राज’ कबीरधाम (छत्तीसगढ़)********************************* दीपावली पर्व स्पर्धा विशेष …… जगमग दीप जले घर-घर में,लेकर खुशियाँ आयी है।रंग-बिरंगे परिधानों में,सबके मन को भायी है॥ धनतेरस की पावन बेला,जगमग दीप जलाते हैं।स्वस्थ होत है तन-मन जिससे,धन्वन्तरी बताते हैं॥लेकर के सौगातें देखो,शुभ दीवाली आयी है।जगमग दीप जले घर-घर में,लेकर खुशियाँ आयी है॥ नरकासुर राक्षस को मारे,इस दिन … Read more

डर नहीं अब आंधियों से

अरशद रसूलबदायूं (उत्तरप्रदेश)**************************************************** ज़ख्म इतने मिल चुके हैं तितलियों से।डर नहीं लगता हमें अब आंधियों से। शुक्रिया,जो आपने छीना सहारा,बच गए हैं आज हम बैसाखियों से। हम मुहब्बत की इबारत लिख रहे हैं,तुम निकल भी आओ दिल की खाइयों से। चार बर्तन इस कदर बजने लगे हैं,डर बहुत लगने लगा शहनाइयों से। बोलते क्या बाप … Read more