‘अमर अकबर एंथोनी’…यादों के झरोखे से

इदरीस खत्री इंदौर(मध्यप्रदेश) ******************************************************* भाग-२………………… होनी को अनहोनी कर दे अनहोनी को होनी… एक जगह जब जमा हो तीनों, अमर अकबर एंथोनीl फ़िल्म के निर्देशक मनमोहन देसाई ने जब अमिताभ को फ़िल्म का शीर्षक बताया तो अमिताभ डर गए और बोले,-“मन आजकल पारिवारिक फिल्में चल रही है,जैसे बड़ी बहन, छोटी बहू,तो इसमें इस नाम की … Read more

आओ हम वंदन करें वीर शहीद जवानों को

डॉ.जयभारती चन्द्राकर भारती गरियाबंद (छत्तीसगढ़) *************************************************************************** आओ हम वंदन करें,वीर शहीद जवानों का, भारत की माटी चंदन,शीश धरो इस माटी का। आओ हम वंदन… जुनून हृदय में लिए,देश की रक्षा करें, देश पर निछावर हो,धर्म-कर्म स्वाभिमान लिए। चाहे जीना,चाहे मरना,देश की खातिर हैं मिटना, आओ हम वंदन करें… नील गगन में लहराता तिरंगा,मधुर मुसकान लिए, तिरंगे … Read more

अहसास

विजयसिंह चौहान इन्दौर(मध्यप्रदेश) ****************************************************** मुर्गी के दड़बे में फड़फड़ाती मुर्गियां अंतिम साँसों को गिन रही थी। बेजुबाँ,कभी कसाई के छुरे को,खून के छींटों को,तो कभी दम तोड़ती, खाल उधड़ती मुर्गियों को देख रही थी। कत्ल और बेबसी के बीच छुरा कसाई के पैर पर जा गिरा,जरा-सा कटते ही कसाई जोर से चिल्ला उठा। दर्द ,घाव,और … Read more

गुरु-शिष्य महिमा को बढ़ाएं

विनोद वर्मा आज़ाद देपालपुर (मध्य प्रदेश)  ************************************************ डूंगरपुर के एडीएम ने वर्षों बाद अपनी गुरु पिपलागूँज निवासी प्राथमिक शिक्षिका माया ननोमा को ढूंढा और उनसे अशीर्वाद लेने चल पड़े। मिले तो बस दृश्य ऐसा था कि…..सैलाब बह निकला नयनों से…l जी हाँ,गुरु- शिष्य की महिमा से मैं रूबरू होता रहा हूँ। मेरे पिताजी स्व. बसंतीलाल वर्मा … Read more

कवि होना इतना आसान नहीं

संजय गुप्ता  ‘देवेश’  उदयपुर(राजस्थान) ********************************************************************* आदमी का कवि होना इतना आसान नहीं होता कभी नहीं होती जमीं,कभी आसमां नहीं होता, ठहाके लगते हैं तुम्हारे,उसकी कही बातों पर लिखने में वह कितने आँसू बहा चुका होता है। लगा जाते हैं जो शब्द तुम्हारे जख़मों पर मरहम भरते हैं खुशियां और मिटाते हैं तुम्हारे सारे गम, उड़ान … Read more

असली सौन्दर्य

मानकदास मानिकपुरी ‘ मानक छत्तीसगढ़िया’  महासमुंद(छत्तीसगढ़)  ************************************************** जब यह तन अचल होता है, तभी मन का भ्रम मिटता है। वह चमक-दमक वह चिकनी चमड़ी, सिकुड़ फूलकर बेढंग दिखता हैll सारे लेप इत्र की खुशबू, पल-पल तन से दूर हटता है। तब चूमने वाला होंठ भी, उल्टी पर उल्टी करता हैll सत्य समझ आता है उसी … Read more

दिल मिलाना चाहिए

प्रदीपमणि तिवारी ध्रुव भोपाली भोपाल(मध्यप्रदेश) **************************************************************************** (रचना शिल्प:बह्र/अर्कान-२१२२×३-२१२-फाइलातुन×३-फाउलुन) सिलसिला यारी निभाने का चलाना चाहिए। टूटने वाले दिलों को भी मिलाना चाहिए। क्यों हुए तन्हा जमाने में कई हैं शख़्स जो, उन ख़ताओं का पता हमको लगाना चाहिए। ज़िन्दगी शिकवा-ग़िला में कीजिए जाया नहीं, फ़र्ज जो इंसानियत का वो निभाना चाहिए। हम यतीमों के मसीहा भी बनें … Read more

महान भारत

उमेशचन्द यादव बलिया (उत्तरप्रदेश)  *************************************************** कुदरत का उपहार स्वरूपा जन्मे थे जहाँ मनू-सतरूपा। बुद्ध जी दिल से दया है बहाई हमें गर्व है उन महापुरुषों पर, हम जिनकी अच्छी संतान हैं। कान्हा ने मधुर बंशी है बजाई, बंशी की मीठी और मधुर तान है। इसीलिए तो,अपना भारत महान है॥ नदियाँ बहकर हरियाली भर दें शीत … Read more

मस्ती फागुन की

शंकरलाल जांगिड़ ‘शंकर दादाजी’ रावतसर(राजस्थान)  *********************************************************************************- मौसम खिल उठा बहारों से तन-मन में खुशियाँ छायी है, पुरवईया चलने लगी, मस्ती फागुन की छायी हैl मस्तों की टोली निकल पड़ी हर दिल मस्ती से झूम उठा, हाथों में रंग-गुलाल लिये ननन्द,देवर,भौजाई हैl अम्बर में बिखरे रंग कई ये आसमान भी लाल हुआ, और इन्द्रधनुष जैसी नभ … Read more

शुभ जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएँ

हिन्दीभाषा.कॉम मंच के रचनाकार साथी डॉ.अरविन्द जैन जी  का १४ मार्च को शुभ जन्मदिन है..इस पटल के माध्यम से आप उनको शुभकामनाएं दे सकते हैं…..