कुछ कदम तुम चलो

डॉ. गायत्री शर्मा’प्रीत’इन्दौर (मध्यप्रदेश )******************************************* कुछ कदम तुम चलो, कुछ कदम हम चलें।हरी इन वादियों में फूल प्यार के खिलें॥ बहती हुई नदियाँ जीवन की धारा है।गोद में पहाड़ के प्रेम ही समाया है॥सपने सुहाने अब नैनों में पलें,कुछ कदम तुम चलो, कुछ कदम हम चलें…॥ कलरव कर रहे पँछियों का शोर है।नदी का किनारा … Read more

जय-जय हे! बजरंगबली

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश)******************************************* हनुमान जयंती (१२ अप्रैल) विशेष… सदा सहायक देव प्रबलतम, परमवीर हनुमाना।संकटमोचन, शत्रु विनाशक, जय जय दयानिधाना॥ मातु अंजनालाल शौर्यमय, असुरों को संहारें।रामकाज करने को आतुर, पाप जगत के मारें॥सूर्य निगलकर बने अनूठे, वायुपुत्र देवंता।महावीर सुग्रीव सहायक,करें दुःखों का अंता॥भयसंहारक, मंगलकारी, पूजन बहुत सुहाना,संकटमोचन, शत्रु विनाशक, जय-जय दयानिधाना…॥ दहन करी लंका हे … Read more

हर हाल में खुश हूँ

डॉ. गायत्री शर्मा’प्रीत’इन्दौर (मध्यप्रदेश )******************************************* जीवन में खुशियाँ ही खुशियाँ हर हाल में खुश हूँ,दुखों को महसूस करूँ ना इसी भाव में खुश हूँ। अभाव बहुत है इस जीवन में जितना है उसमें खुश हूँ,गाड़ी-बंगला कुछ नहीं छोटे से मकान में खुश हूँ। खुशियों के अब पल आएंगे यही सोचकर मैं खुश हूँ,साथ छोड़कर जो … Read more

मानवता के प्रहरी भगवान तुम

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश)******************************************* महावीर जयंती (१० अप्रैल) विशेष… मानवता के प्रहरी तुम हो, तीर्थंकर भगवान तुम।सत्य, धर्म के संरक्षक हो, न्याय, नीति का मान तुम॥ गहन तिमिर तो हर्षाता अब, प्यार दिलों से गायब है।दौर कह रहा झूठा-कपटी, ही बनता अब नायब है॥करुणा को फिर से गहरा दो, महावीर तुम ताप हो।पावनता के उच्च … Read more

तुमको प्यार हो तो…

हीरा सिंह चाहिल ‘बिल्ले’बिलासपुर (छत्तीसगढ़)********************************************* तुमको प्यार हो तो हालात कह दो खुल के।हमको सुख मिलेगा जज्बात सुन के दिल के॥ दिल के आइने में तस्वीर बन के रहती,जिससे प्यार होता ये बात उसकी करती।तुमको दिल समझता है इक परी जन्नत की,दो दीदार मुझको सुन लो कभी मन्नत भी।क्यों जज्बात मुझसे कहती नहीं तुम दिल … Read more

कि होली आयी रे

विजयलक्ष्मी विभा प्रयागराज (उत्तरप्रदेश)************************************ रंग बरसे… (होली विशेष)… बरसे रंग गुलाल भुवन में खेलें नंद गोपालकि होली आयी रे।बारे, बूढ़े, ज्वान भुवन में, नभ तक भरें उछाल।कि होली आयी रे…॥ मार-मार पिचकारी भागेंछिप-छिप के गुब्बारे दागें,फाड़-फाड़ कर कपड़े त्यागें,दिखें सभी बेहाल भुवन में, खेलें नंद गोपाल।कि होली आयी रे…॥ कौन किसे मारे पिचकारी,कौन यार किससे है … Read more

मन में नाचे मोर

डॉ. गायत्री शर्मा’प्रीत’इन्दौर (मध्यप्रदेश )******************************************* मौसम आया आज सुहाना, अब तो छाई घटा घनघोर।वसंत ऋतु की सुंदरता से, देखो मन में नाचे मोर॥ कोपल फूटे पेड़ों पर अब, कलियों में अकुलाहट आई,फूलों ने अब ली अँगड़ाई, ऋतु बसंत की आहट आई।झूम-झूम कर भँवरे आये, बाग में बहुत मचाये शोर,मौसम आया…॥ सरसों पीले खेत हो गये, … Read more

होली है पर्व उमंगों का…

ममता तिवारी ‘ममता’जांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)******************************************* होलिका जलाते फागुन में,पूर्णिमा नगाड़े की धुन में।बाजार सजा है रंगों का,होली है पर्व उमंगों का॥ प्रहलाद नाम का था बालक,बहुत दुष्ट था जिसका पालक।छोड़ो बोला हरि को जपना,बात न मानी, मन रख सपना।प्रभु दर्शन और सतगुण का,लेता सुख भजन तरंगों का…।होली है पर्व…॥ यह हिरण्यकश्यपु को भाया,अपनी बहना को बुलवाया।जो नहीं … Read more

बहुत कठिन सम्बन्ध निभाना

राजबाला शर्मा ‘दीप’अजमेर(राजस्थान)******************************************* बड़ा सरल सम्बन्ध बनाना,कभी तोड़ना कभी मिटाना।खेल न समझें सम्बन्धों को,बहुत कठिन सम्बन्ध निभाना॥ टूट गए सम्बन्ध है जिनसे,कोई जाकर पूछ ले उनसेकिसका दिल कितना है रोया,कितने अश्क़ बहाए किसने,जो न सुने क्या उसे सुनाना।खेल न समझें सम्बन्धों को,बहुत कठिन सम्बन्ध निभाना…॥ कुछ सम्बन्ध बने हैं दैहिक,और बने हैं कुछ रूहानीभौतिक भी … Read more

दुखों को तुम याद करो ना…

डॉ. गायत्री शर्मा’प्रीत’इन्दौर (मध्यप्रदेश )******************************************* मधुर क्षणों की मीठी यादें, साथ सदा तुम रखना।दुखों को अब तुम याद करो ना, आँखें नम न करना॥ रात चाँदनी खिलती है, आसमान पर छा जातीपुलक भाव मन में आते हैं, यादें उनकी आती।खुशियों से दामन को अपने, हर पल ही तुम भरना,मधुर क्षणों की मीठी यादें, साथ सदा … Read more