तिरंगा

प्रीति शर्मा `असीम`नालागढ़(हिमाचल प्रदेश)******************************************** मेरे देश की आन तिरंगा,जन-जन की पहचान तिरंगालहरा-लहरा के गाता है…मेरे देश की ऐसी शान तिरंगा। कहता है स्वतंत्रता की कहानियां,इसी तिरंगे की खातिरमिटी है मेरे देश की,अनगिनत जवानियां। कितने मर-मिटे थे दीवाने,कितने परिचित कितने अनजानेशान इसकी बढ़ा रहे हैं,जान अपनी लुटा रहे हैं। आजादी के वह परिंदे,देकर लहू खींचे रंग … Read more

ई-श्रम के नाम पर अंग्रेजी क्यों ?

महोदय,सरकार के श्रम और रोजगार मंत्रालय ने हाल ही में असंगठित क्षेत्र के मजदूर,लोक कलाकारों,फेरी वालों की शिकायतों के समाधान के लिए वेब पोर्टल (http://gms.eshram.gov.in/ gmsportal/#/portal/Home) बनवाया है। इस पोर्टल पर वही मजदूर शिकायत कर सकता है जिसे अंग्रेजों की अंग्रेजी का ज्ञान हो,ऑनलाइन फॉर्म-सूचनाएँ व ओटीपी व ई-मेल अलर्ट की सुविधा केवल अंग्रेजी भाषा … Read more

संसार ये कितना प्यारा

हीरा सिंह चाहिल ‘बिल्ले’बिलासपुर (छत्तीसगढ़) ************************************** इक आँख न दिखती दूजी को,जो देख सके सारे जग कोभगवान रहें हर इक कण में,दिखते न मगर फिर भी सबको। ये सृष्टि बनाई ईश्वर ने,गुण भी तो दिखाए हैं प्रभु नेनिज सुख के लिए अनदेखे हों,दूजों के लिए बनते दु:ख जो। दस्तूर बने हैं कुछ ऐसे,सब सीख सकें … Read more

जसवीर सिंह ‘हलधर’ को ५ दिसंबर २०२१ को सम्मान

अलवर(राजस्थान)। आस्था साहित्य संस्थान द्वारा  प्रतिष्ठित त्रिवेणी साहित्य सम्मान पुरस्कार इस वर्ष ओज कवि जसवीर सिंह ‘हलधर’ (उत्तराखंड) को देने का निर्णय लिया गया है। यह सम्मान ५ दिसंबर २०२१ को तोलानी सभागार (अलवर) में महाकवि बलबीर सिंह करुण व पदमश्री सूर्यदेव सिंह बारेठ द्वारा दिया जाएगा। इस चयन पर आपको हिंदी भाषा डॉट काम … Read more

प्रेम का धागा

बोधन राम निषाद ‘राज’ कबीरधाम (छत्तीसगढ़)************************************* धागा है ये प्रेम का, रखना इसे संभाल।टूटे कभी न साथियों, चाहे जो भी हाल॥चाहे जो भी हाल, बचाना है मर्यादा।प्यारा हो सम्बन्ध,कभी कम हो या ज्यादा॥कहे ‘विनायक राज’, प्रेम में हो नहिं कागा।बिखरे कभी न फूल,बनाओ अच्छा धागा॥

हम

ममता तिवारी ‘ममता’जांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** दीपक स्वयं हाथ रखे,हृदय तले पीर है,तलाश रहे प्रकाश को नैनों भरे नीर है। मनमर्जी की भरमार है,आदतों से लाचार,होली में दीप जलाये दीवाली अबीर है। लड़खड़ाते हड़बड़ाये,भागमभाग मचाये,भौंचक से औचक देखो,किसी को ना धीर है। निर्धन धन खूब दिखाते,धनिक धन छिपाते,झोपड़ी लिखा रंगमहल,महलों में कुटीर है। जुबान में तेज धार कर,छेद … Read more

पुलकित हो सौहार्द

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश) ******************************************* सबसे हिल-मिलकर रहो,तभी बनेगी बात,जब सब सद्भावी बनें,तब रोशन हो रात।यही आज संदेश है,यही आज उद्घोष-भारतवासी एक हों,तब मिलती सौगात॥ हिन्दू-मुस्लिम एक हैं,मानव सारे एक,सबको बनना है यहाँ,मानुष चोखा,नेक।पुलकित हो सौहार्द नित,नेह पले हर हाल-सभी धर्म तो एक हैं,दिखते भले अनेक॥ अंधकार में रोशनी,बिखरेगी तब ख़ूब,उगे देश में एकता,की जब … Read more

अभिनंदन मेहमान का

डॉ.राम कुमार झा ‘निकुंज’बेंगलुरु (कर्नाटक) **************************************** मातु पिता जयगान हो,जय गुरु जय मेहमान।भक्ति प्रेम जन गण वतन,ईश्वर दो वरदान॥ अभिनंदन मेहमान का,हो स्वागत सम्मान।मधुर भाष मुख हास से,समझ अतिथि भगवान॥ अतिथि जगत में पूज्य है,देवतुल्य तिहुँ लोक।करें समादर विनत मन,मिटे सकल दु:ख शोक॥ जीवन का सौभाग्य है,आगम घर मेहमान।आनंदित आतिथ्य से,बढ़े गेह की शान॥ अतिथि … Read more

राजनीति

डॉ.अशोकपटना(बिहार)*********************************** \यह एक वैश्विक उबाल है,हर जगह दिखता बवाल है। यह जनतांत्रिक-सा दिखता है,कभी प्रगति का एक आधार हैविषम परिस्थितियों में यह उपक्रम,कभी दिखता अवनती का संसार है। जनमानस की प्रगति की राह पर,एक उत्तम सोच हैऊंची-नीची डगर पर,एक मजबूत लोच है। राजनीति षड्यंत्र का,एक वीभत्स स्वरूप भी हैकभी नहीं दिखता यहां शील,विनय और,शीतलता का … Read more

भारत प्रदूषणमुक्त कैसे हो ?

डॉ.वेदप्रताप वैदिकगुड़गांव (दिल्ली) ******************************* दुनिया की सबसे प्रदूषित राजधानी दिल्ली को माना जाता है। इस दिवाली के दौरान दिल्ली ने इस कथन पर अपनी मोहर लगा दी है। दिल्ली के प्रदूषण ने भारत के सभी शहरों को मात कर दी है। वायू प्रदूषण सूची के मुताबिक प्रदूषण का आँकड़ा ५० अच्छा,१०० तक संतोषजनक,३०० तक खतरनाक,४०० तक … Read more