कुल पृष्ठ दर्शन : 104

You are currently viewing सम्हालो शंभू शिव

सम्हालो शंभू शिव

बोधन राम निषाद ‘राज’ 
कबीरधाम (छत्तीसगढ़)
************************************************

शिव दोहावली…

चरण वंदना मैं करूँ, नित्य शिवालय धाम।
दर्शन की आशा जगी, हे शिव पूरण काम॥

स्वीकारो विनती हरा, तुम हो कृपा निधान।
भक्ति-भाव जानूँ नहीं,हूँ अनपढ़ इंसान॥

महादेव शिव शम्भु पर, हमको है विश्वास।
दूर करेंगे दु:ख वही, हम क्यों तोड़े आस॥

मिलते हैं शिव धाम में, अद्भुत शांति अपार।
जाकर देखो प्रेम से, कभी शिवालय द्वार॥

हमें सम्हालो शंभु शिव, बनो सहारा आप।
दूर करो जग के सभी, जो कोई सन्ताप॥

परिचय- बोधन राम निषादराज की जन्म तारीख १५ फरवरी १९७३ और स्थान खम्हरिया (जिला-बेमेतरा) है। एम.कॉम. तक शिक्षित होकर सम्प्रति से शास. उ.मा.वि. (सिंघनगढ़, छग) में व्याख्याता हैं। आपको स्व.फणीश्वर नाथ रेणू सम्मान (२०१८), सिमगा द्वारा सम्मान पत्र (२०१८), साहित्य तुलसी सम्मान (२०१८), कृति सारस्वत सम्मान (२०१८), हिंदीभाषा डॉट कॉम (म.प्र.) एवं राष्ट्रभाषा गौरव सम्मान (२०१९) सहित कई सम्मान मिल चुके हैं। प्रकाशित पुस्तकों के रूप में आपके खाते में हिंदी ग़ज़ल संग्रह ‘यार तेरी क़सम’ (२०१९), ‘मोर छत्तीसगढ़ के माटी’ सहित छत्तीसगढ़ी भजन संग्रह ‘भक्ति के मारग’ ,छत्तीसगढ़ी छंद संग्रह ‘अमृतध्वनि’ (२०२१) एवं छत्तीसगढ़ी ग़ज़ल संग्रह ‘मया के फूल’ आदि है। वर्तमान में श्री निषादराज का बसेरा जिला-कबीरधाम के सहसपुर लोहारा में है।

Leave a Reply