चैत में ‘राम’ छाँव
संजीव एस. आहिरेनाशिक (महाराष्ट्र)****************************** राम चैत की चिलचिलाती धूप में नीम की ठंडी छाँव है,राम भरी ग्रीष्म में औघड़ पीपल पर लहलहाती पत्तियों का गाँव हैराम शिशिर की सांवली काया पर छाया फूलों का पड़ाव है,राम चम्पा की चितवन चुराती मंगल खुशबू का छिड़काव है। राम आम पर लटकती झूलती मस्तमौला अमियों की मस्ती है,राम … Read more