कवि दिनकर की रचनाओं से सच और साहस का प्रकाश मिला

इंदौर(मप्र)। प्रसिद्ध कवि दिनकर सोनवलकर ऐसे कवि थे,जिनकी रचनाओं से हमेशा सच और साहस का प्रकाश फैला। उन्होंने कभी भी सच को सामने लाने में संकोच नहीं किया।शुक्रवार को यह बात इंदौर में आयोजित स्मृति समारोह में अतिथियों के माध्यम से उभरी। मुख्य अतिथि इंदौर के साहित्यकार प्रो. सरोज कुमार ने कवि दिनकर की वह … Read more

दीया माटी का

शंकरलाल जांगिड़ ‘शंकर दादाजी’रावतसर(राजस्थान) ****************************************** अबकी इस दिवाली पर माटी का दीया जलाओ,छोड़ चीन की विद्युत लड़ियाँ स्वदेशी अपनाओ। अपनी संस्कृति संस्कार हो अपना हो परिवेश,हम हैं पूरब के वासी जगती में सदा विशेष। तम हरने को एक दीप माटी का जब जलता है,सारे जग को रोशन कर के अंधियारा हरता है। तूफानों लड़ कर के … Read more

भाजपा:चुनाव की चुनौती

डॉ.वेदप्रताप वैदिकगुड़गांव (दिल्ली) ******************************* भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी समिति की बैठक अब लगभग २ साल बाद हुई,जबकि उसे हर तीसरे महीने होनी चाहिए थी। उसे नहीं करने का बहाना यह बनाया गया कि कोरोना महामारी के दौरान उसके सैकड़ों सदस्य एक जगह कैसे इकट्ठे होते ? एक जगह इकट्ठे होने के इस तर्क में कुछ दम … Read more

मातृ-शक्ति का हो सम्मान

डॉ.अशोकपटना(बिहार)*********************************** मातृ-शक्ति का हो सम्मान…भारत-भारती के देश में,यह जरुरी है देश हित में,नारी का कभी न हो अपमान। यह समृद्धि के हर पल का,एक सूचक हैऐश्वर्य का प्रतीक है,और ऐश्वर्य का एक प्रतीक है। सहनशीलता की इसकी,एक पहचान हैलाख तकलीफ़ में भी,मातृ-शक्ति रखतीं सुरक्षित,अपनी पहचान है। परिवार संग प्रेम से,नारी शक्ति का मान हैनारी जीवन … Read more

हमसफ़र

शशि दीपक कपूरमुंबई (महाराष्ट्र)************************************* मन की किताब पर एकांतवास पसरा हुआ था। देवनार के वृक्ष की जड़ें चारों ओर मन की ज़मीं पर फैलीं हुई थीं। दुश्वारियों के रेले को दुनिया की भीड़ में अकेला खींचने का बरबस खेलने मैं स्वयं को उस्ताद समझ रहा था। परिपूर्णता की तलाश में स्वप्नों की राह पर अकेला … Read more

शिकायत ज़ियादा

सुश्री अंजुमन मंसूरी ‘आरज़ू’छिंदवाड़ा (मध्य प्रदेश)****************************************** उठाई न जिसने मुसीबत ज़ियादा।उसे है ख़ुदा से शिकायत ज़ियादा। महब्बत की है सिर्फ इतनी कहानी,विसाल इक घड़ी और फ़ुर्क़त ज़ियादा। सियासत उन्हें भी कहाँ छोड़ती है,जो करते रहे हैं सियासत ज़ियादा। अदावत है दोनों में लेकिन अदा से,नज़र आ रही है रफ़ाक़त ज़ियादा। है कैसा चलन अब परेशान … Read more

हिंदी के विश्वदूत डॉ. सुभाष शर्मा

डॉ. एम.एल. गुप्ता ‘आदित्य’मुम्बई(महाराष्ट्र)********************************************** राष्ट्र का अभिप्राय केवल एक भूमि का हिस्सा नहीं होता। राष्ट्र बनता है उस भू-भाग पर रहने वाले लोगों द्वारा हजारों वर्षों से संचित ज्ञान-विज्ञान, धर्म-संस्कृति और जीवन-शैली से। इनके बिना राष्ट्रीय एकता को बनाए रखना संभव नहीं। किसी राष्ट्र के ज्ञान-विज्ञान,धर्म-संस्कृति और जीवन-शैली आदि को एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी … Read more

देश को तोड़ने की राजनीति

अजय जैन ‘विकल्प’इंदौर(मध्यप्रदेश)****************************************** बधाई हो पुराने संगठन कांग्रेस को कि उसके पदाधिकारी और केन्द्रीय मंत्री रहे सलमान खुर्शीद ने अपनी किताब ‘सनराइज ओवर अयोध्या’ से आखिर देश को तोड़ने की राजनीति कर ही ली। विदेश और कानून मंत्री रह चुके श्री खुर्शीद की इस किताब में हिन्दुत्व की तुलना बोको हरम से करने पर २ … Read more

खड़ा हूँ

संजय जैन मुम्बई(महाराष्ट्र) **************************************** जब दिल में प्यास हो मिलने की,तो वो अक्सर मिल जाते हैंजमाने में इसी तरह से,अपने दोस्त वो बनाते हैं। मेरे दिल में तुम,अब बस चुके होतमन्नाएं बहुत अब बस,दिलों को मिलने की हैरहेगी अगर जिंदगी तो, पएक दिन जरूर मिलेंगेऔर हक दोस्ती का हम,तब जरूर निभा देंगे। करो दिल से हमें … Read more

सज्जन

डॉ. मनोरमा चन्द्रा ‘रमा’रायपुर(छत्तीसगढ़)******************************************* सज्जनता के रूप में,छलना मत संसार।अपनेपन के ढोंग से,करो नहीं व्यापार॥ सज्जन संगत से सदा,कर चरित्र निर्माण।सदाचार के कर्म से,मिले जगत में त्राण॥ ज्ञान दीप जलता रहे,सज्जन बन तू खास।उर से सारे तम मिटे,मन में भरे उजास॥ सज्जन की पहचान में,करो नहीं तुम भूल।ज्ञान धनिक बनकर सदा,बनो चमन का फूल॥ सज्जन … Read more