सूरज ने उगली आग
नीलम प्रभा सिन्हाधनबाद (झारखंड)********************************************* सूरज ने उगली आग,धूप लहराई चारों ओर, अग्नि-सी बरसाईना दिन में चैन मिला, ना रातों में राहत,हर समय लू के थपेड़े तन-मन को झुलसातेमन को अशांत किए रहते। झुलस रहे हैं हर पेड़ के पत्ते,कोई ठंडी छाँव भी अब राहत न दे सकेहर जीव-जंतु और पक्षी गर्मी से परेशान है,पानी ढूँढते … Read more