धैर्य मेरा खो रहा है
वकील कुशवाहा आकाश महेशपुरी कुशीनगर(उत्तर प्रदेश) *************************************************************** धैर्य मेरा खो रहा है। हाय यह क्या हो रहा है। लोग कहते कवि मुझे पर, ज्ञान मेरा सो रहा है। है हँसी में जिंदगानी, किंतु मन यह रो रहा है। सैकड़ों अवसाद कैसे, यह कलेजा ढो रहा है। मन सदा बेचैन होकर, दर्द केवल बो रहा है। कर … Read more