मेरी भाषा मेरा अभिमान
नीलम प्रभा सिन्हाधनबाद (झारखंड)******************************** हिन्दी हमारी शान है,हिन्दी हमारी जान हैहिन्दी एक समृद्ध भाषा है,हिन्दी पर अभिमान हैहिन्दी में हमारी पहचान है,हिन्दी हमारी राष्ट्र की निशानी हैहिन्दी में अपनापन है,हिन्दी से ही जाना-मानामाँ ने लोरी सुनाई,माँ के जैसी सुहानीहिन्दी, हिन्दी में ही है,मेरी भाषा हिन्दी। तुलसी, कबीर, सूर की वाणी,सभी हिन्दी से ही हैवीरों की … Read more