राजनीतिक गुस्से का प्रतिशोध प्रतिमाओं से क्यों ?

अजय बोकिल भोपाल(मध्यप्रदेश)  ***************************************************************** राजनीतिक आक्रोश या हताशा का प्रतिशोध महापुरूषों की प्रतिमाओं से लेना नई बात नहीं है,लेकिन देश की राजधानी नई दिल्ली में प्रतिष्ठित जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) में स्थापित स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा को तोड़े जाने का कोई औचित्य समझ नहीं आता,क्योंकि विवेकानंद न तो किसी दल के संस्थापक या प्रचारक थे,न … Read more

बिरसा मुंडा हैं आदिवासी तेजस्विता के नायक

ललित गर्ग दिल्ली ******************************************************************* बिरसा मुंडा जन्म जयन्ती-१५ नवम्बर विशेष…. किसी महापुरुष के कार्यों,अवदानों एवं जीवन का मूल्यांकन इस बात से होता है कि उन्होंने राष्ट्रीय एवं सामाजिक समस्याओं का समाधान किस सीमा तक किया,कितने कठोर संघर्षों से लोहा लिया। बिरसा मुंडा भी ऐसी ही एक युगांतरकारी शख्सियत थे,जिन्होंने आदिवासी जनजीवन के मसीहा के रूप … Read more

राष्ट्र निर्माता और युगदृष्टा रहे ‘चाचा नेहरू’

डॉ.अरविन्द जैन भोपाल(मध्यप्रदेश) ***************************************************** ‘बाल दिवस’ विशेष………. पंडित नेहरू को उनकी विचारधारा से विरोधी हमेशा असफल व्यक्तित्व के रूप में प्रतिस्थापित किया गया है,पर यह बात जरूर है कि,वर्तमान में भारत की जो भी उन्नति और विकास है,उसके मूल में उनकी सोच का ही प्रतिफल है,जिसे भुलाया जाना संभव नहीं हैl वर्तमान में जो शासक … Read more

शिक्षा को प्रभावी बनाने के लिए राष्ट्र को भाषा की दरकार

प्रो. गिरीश्वर मिश्र दिल्ली ************************************************************* कुछ बातें प्रकट होने पर भी हमारे ध्यान में नहीं आतीं,और हम उनकी उपेक्षा करते जाते हैंl एक समय आता है जब मन मसोस कर रह जाते हैं कि काश पहले सोचा होताl भाषा के साथ ही ऐसा ही कुछ होता हैl भाषा में दैनंदिन संस्कृति का स्पंदन और प्रवाह … Read more

ये नेता नहीं,कुर्सीदास

डॉ.वेदप्रताप वैदिक गुड़गांव (दिल्ली)  ********************************************************************** भारतीय राजनीति के घोर अधःपतन का घिनौना रुप किसी को देखना हो तो वह आजकल के महाराष्ट्र को देखे। जो लोग अपने आप को नेता कहते हैं,वे क्या हैं ? वे सिर्फ कुर्सीदास हैं। कुर्सी के लिए वे किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं। शिव सेना-जैसी पार्टी कांग्रेस … Read more

सर्वोच्च न्यायालय का सर्वोच्च न्याय

हेमेन्द्र क्षीरसागर बालाघाट(मध्यप्रदेश) *************************************************************** आखिरकार,सर्वोच्च न्यायालय ने देश के सबसे ऐतिहासिक,मौलिक, महत्वपूर्ण,बड़े और प्राचीन अयोध्या विवाद का सर्वोच्च न्याय कर दिया,जो भारतीय न्यायपालिका के इतिहास और आमजन के मानस पटल में युगे-युगिन स्वर्ण अक्षरों में अमिट रहेगा। दिव्य न्याय में किसी की हार है ना जीत,फैसला है समुचित और सुरक्षित। या कहें ना हिंदू का,ना … Read more

नानक नाम जो ‘बो’ ले,सो निहाल

राकेश सैन जालंधर(पंजाब) ***************************************************************** गुरु नानक देव जयंती विशेष……….. नानक नाम मंत्र है जो बोले सो निहाल और जो ‘बो’ ले वो भी निहाल। बोले और ‘बो’ ले लगभग एक से उच्चारण वाले इस वाक्य में ऊपरी भेद है,परंतु हैं परस्पर पूरक। ‘बो’ ले अर्थात बीज ले, जैसे किसान खेत में अन्न का एक दाना … Read more

धार्मिक एवं सत चरित्र गठन के लिए सेवारत रहे गुरु नानक देव जी

गोपाल चन्द्र मुखर्जी बिलासपुर (छत्तीसगढ़) ************************************************************ गुरु नानक देव जी जयंती विशेष………. वाहे गुरु नानक देव जी की जयंती पर श्रद्धांजलि अर्पण, वाहे गुरु,वाहे गुरु,वाहे गुरुl सत श्री अकाल जी। साम्प्रदायिकता से मुक्त तथा जातिगत सामाजिक कुरीतियों के नागपाश से मुक्त समाज व्यवस्था के संस्थापन से ही संसार तथा विश्व में स्थायी शान्ति संस्थापन संभव … Read more

बैकुंठ चतुर्दशी पर हरिहर मिलन का अदभुत नजारा

संदीप सृजन उज्जैन (मध्यप्रदेश)  ****************************************************** भारतीय संस्कृति व्रतों,त्यौहारों और पर्वों की संस्कृति है। हर तिथि किसी न किसी देवी-देवता को समर्पित है और इन तिथियों के अनुसार देवी-देवताओं को श्रद्धासुमन अर्पित करने के लिए पर्वों का आयोजन किया जाता है। उनकी उपासना करते हुए हर्षोल्लास के साथ त्यौहारों को मनाया जाता है। कार्तिक मास की … Read more

धुंध में लिपटी राजधानी

राजेश पुरोहित झालावाड़(राजस्थान) **************************************************** दीपावली के तीन दिन बाद हमारे देश की राजधानी दिल्ली धुंध के काले आवरण से ढँक चुकी थी। दिल्ली में पिछले कुछ वर्षों से प्रदूषण की दर बढ़ती जा रही है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार १६०० बड़े शहरों में दिल्ली प्रदूषण में सबसे आगे है। भारत में दिल्ली के अलावा … Read more