यह सचमुच हमारे ‘कोरोना योद्धा’

दिपाली अरुण गुंडमुंबई(महाराष्ट्र)***************************** ‘जरा याद करो कुर्बानी,ऐ मेरे वतन के लोगोंजरा आँख में भर लो पानी।जो शहीद हुए हैं उनकी,ज़रा याद करो कुर्बानी।’जी हाँ! बिल्कुल सही पहचाना आपने। यह पंक्तियाँ हमें अपनी शहीद वीर जवानों की याद दिलाती है। उनकी याद आकर हमारी आँखों में नमी जरूर आती है,लेकिन आज उनके साथ हमें और भी … Read more

जहर की खेती-माँस का सेवन बहुत हानिकारक

डॉ.अरविन्द जैनभोपाल(मध्यप्रदेश)***************************************** चिंतनीय विषय…. सब देश जैविक खेती के प्रोत्साहन की वकालत कर रहे,वहीं रासायनिक खादों के उपयोग को बढ़ावा दे रहे हैं। इसी प्रकार सरकार खाद्यानों की कमी के कारण मांसाहार,मछली,अंडा खाने को प्रोत्साहित कर रही है। अण्डोत्पादन और मछली पालन के लिए नई-नई सुविधाएं दे रहे हैं। एक ओर इनके बचाव की बात … Read more

एक टीका जिंदगी का:बेवजह की हाय-तौबा

हेमेन्द्र क्षीरसागरबालाघाट(मध्यप्रदेश)**************************************** समाधान में समस्या ढूँढना मौकापरस्तों की फितरत होती है,चाहे मौका कुछ भी हो ऐसे लोग अपनी कुत्स‍ित महारत दिखा ही देते हैं। बदस्तूर आज सारा विश्व कोरोना संक्रमण से जूझ रहा है,लोग बेमौत मारे जा रहे हैं,इस बीच एक उम्मीद की एक किरण नजर आती है,उस पर बेलगामी तत्थाकथि‍त सत्तालोलुप राजनेता,ज्ञानशोधकों की बदजुबानी … Read more

जन-गण-मन की भाषा…करें विचार

डॉ. एम.एल. गुप्ता ‘आदित्य’मुम्बई(महाराष्ट्र)**************************************************** समग्र राष्ट्र गणतंत्र दिवस मना रहा है। गण का अर्थ है समूह। भारत की शासन व्यवस्था जनतांत्रिक है,लेकिन जनता सीधे शासन नहीं करती बल्कि उसके चुने हुए प्रतिनिधिगण संविधान के अनुसार शासन करते हैं। २६ जनवरी १९५०,आज ही के दिन भारत का संविधान लागू हुआ था। इसलिए प्रतिवर्ष देश गणतंत्र दिवस … Read more

बालिकाओं की सुरक्षा के लिए परिवार-समाज को आगे आना होगा

डॉ.प्रभात कुमार सिंघलकोटा(राजस्थान)************************************ एक विदूषी महिला को कहते सुना-आखिर हमारा भी वजूद है,हम खाली प्याले की तरह नहीं जो चाय पी और खत्म शो। उनके इन शब्दों में विकासशील कहे जाने वाले समाज में बालिकाओं और महिलाओं की स्थिति पर खासा व्यंग्य छुपा हुआ था। कहने और देखने में तो बालिका चाहे खेल हो या … Read more

गुणतंत्र वाली हमारी गणतांत्रिक प्रणाली

राकेश सैनजालंधर(पंजाब)********************************** देश आज अपने गणतंत्र होने की वर्षगांठ मना रहा है। हमारे संविधान निर्माताओं,नीति निर्धारकों, स्वतंत्रता सेनानियों,क्रांतिकारियों ने देश के लिए जो सपने देखे,उनकी पूर्ति करने का कार्य फलीभूत हुआ था आज के दिन। देश को कल्याणकारी लोकतांत्रिक व्यवस्था घोषित किया गया जिसका अर्थ है वह व्यवस्था जो जनता द्वारा चुनी गई, जनता द्वारा … Read more

रोचकता से भरा है गणतंत्र दिवस का सफर

गोवर्धन दास बिन्नाणी ‘राजा बाबू’बीकानेर(राजस्थान)*********************************************** गणतंत्र दिवस स्पर्धा विशेष………. गणतंत्र दिवस हर साल हर्ष और उल्लास के साथ मनाया जाने वाले तीन महत्वपूर्ण राष्ट्रीय पर्वों में से एक है। इस बार भी ७२ वां गणतंत्र दिवस २६ जनवरी को पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया जाएगा।अब पहले हम गणतंत्र’ के अर्थ को समझ लेते हैं-जनता के लिए … Read more

कुछ गुड़ ढीला,कुछ बनिया

डॉ.अर्चना मिश्रा शुक्लाकानपुर (उत्तरप्रदेश)************************* गणतंत्र दिवस स्पर्धा विशेष………. हमारे देश के सामान्य नागरिक गणतन्त्र शब्द का अर्थ तक नहीं जानते,कुछ इसकी अहमियत भी नहीं समझते,तो आखिर एक नागरिक होने के नाते हमारा लक्ष्य क्या होना चाहिए ?? मुझसे या आपसे जब कोई पूछता है तो भोली-भाली जनता कह देती है या उसके मन में यही … Read more

आत्मगौरव का राष्ट्रीय पर्व है गणतंत्र दिवस

योगेन्द्र प्रसाद मिश्र (जे.पी. मिश्र)पटना (बिहार)******************************************* गणतंत्र दिवस स्पर्धा विशेष………. दिवस हीरक यह गणतंत्र,देता स्वशासन का मूल-मंत्र;दिलाता हमें अहर्निश याद कि-हम हुए सैंतालीस में स्वतंत्र! मिला जब तिरंगा को सम्मान,हुआ जब अपना राष्ट्रगान;जनगण के मन में पनपा तब-नित नया एक स्वाभिमान! हिन्दी ले जब पुरानी आशा,बनी जब हमारी राजभाषा;सम्पर्क हित में थी बनी तभी-अंग्रेजी हिन्दी … Read more

हिन्दुस्तानी को राष्ट्रभाषा का सम्मान देने वाले पहले राष्ट्राध्यक्ष नेताजी सुभाषचंद्र बोस

डॉ. अमरनाथकलकत्ता (पश्चिम बंगाल)************************************* हिन्दी के योद्धा:जन्मदिन पराक्रम दिवस विशेष….. ओडिशा के कटक में २३ जनवरी १८९७ को जन्मे,कटक और कलकत्ता में पले-बढ़े,पिता की इच्छापूर्ति के लिए मात्र २३ वर्ष की आयु में आईसीएस पास करने वाले किन्तु अंग्रेजों की चाकरी करने को तैयार न होने के कारण उससे त्यागपत्र देने वाले,आजादी के लिए लड़ते … Read more