वो पिता की सीख
डॉ.राम कुमार झा ‘निकुंज’बेंगलुरु (कर्नाटक) ************************************************* मेरी असली प्रेरणा…. पिता ने इतना ही कहा— सत्य पथ कभी न छोड़ना, लाभ मिले या हानि मिले, निज धर्म नहीं तुम तोड़ना।क्षणिक सफलता के पीछे तुम मत अपने मूल्य गंवाना-चरित बचा तो जीवनभर सम्मान रहेगा जोड़ना॥ पिता ने सिखलाया मुझको श्रम से बढ़कर है धन क्या ?कर्मठता की उजली आभा से सुंदर जीवन क्या ?भाग्य सहारे बैठा मानव मंज़िल कभी पा सकता-पुरुषार्थों … Read more