अष्टम अनुसूची की हिन्दी हित में पुनः समीक्षा अपेक्षित

ओम प्रकाश पांडेयपटना (बिहार)********************************************* विगत आधी सदी से भी कुछ अधिक अवधि से अवलोकन करता आ रहा हूँ कि क्षेत्रीय बोली के नाम पर अधिकतर व्यक्ति,कुछ से कुछ लिखते हुए गुणवत्ता के प्रति सचेत नहीं रहते हैं। फलतः अपेक्षित स्तर का प्रायः अभाव रहता है। विषय-वस्तु,भाव एवं भाषिक रूप से भी और,इसी लिए स्थानीय स्तर … Read more

आजादी रहे,लेकिन कोई लक्ष्मण रेखा का उल्लंघन न कर पाए

डॉ.वेदप्रताप वैदिकगुड़गांव (दिल्ली) ************************************************** देश के ३४ फिल्म-निर्माता संगठनों ने २ टी.वी. चैनलों और बेलगाम जनसंचार माध्यम के खिलाफ दिल्ली उच्च न्यायालय में मुकदमा ठोक दिया है। इन संगठनों में फिल्मी जगत के लगभग सभी सर्वश्रेष्ठ कलाकार जुड़े हुए हैं। इतने कलाकारों का यह कदम अभूतपूर्व है। वे गुस्से में हैं। कलाकार तो खुद अभिव्यक्ति की … Read more

पंजाब के कृषि कानून से दलालों की बल्ले-बल्ले

राकेश सैनजालंधर(पंजाब)*********************************************** पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के नेतृत्व वाली कांग्रेस दल की सरकार द्वारा केन्द्रीय कृषि कानूनों के विरोध में पारित अधिनियमों को देख पंचतंत्र की उस कहानी का स्मरण हो उठता है, जिसमें मूर्ख सेवक राजा की नाक से जिद्दी मक्खी को उड़ाने के लिए तलवार से वार करता है,मक्खी उड़ जाती … Read more

आत्मनिर्भरता की वादी में इकलौता ‘हींग का बिरवा’…!

अजय बोकिलभोपाल(मध्यप्रदेश)  *********************************************** न तो यह कोई ‘आयटम’ है,और न ही इसमें हिंदू-मुस्लिम वाला रूचिकर सियासी मसाला है,न ही सास-बहू का झगड़ा मिटाने की कोई पहल है,फिर भी यह खबर इसलिए दिलचस्प है कि ये आत्मनिर्भरता की वादी में हींग का वैज्ञानिक तड़का है। तड़का इसलिए,क्योंकि यही वो चीज है,जो अभी तक फिरकाई आधार पर … Read more

बूझ-अबूझ पहेली जीवन

योगेन्द्र प्रसाद मिश्र (जे.पी. मिश्र)पटना (बिहार)******************************************************** सृष्टि करना जीवधारियों की परम आवश्यकता और कर्त्तव्य है। यह सभी जीवों में और मनुष्य मात्र में लागू है। जीवन और मरण प्रकृति के शाश्वत नियम हैं। मरण के कारण जीवन की हुई क्षति की पूर्ति जग में करते रहने के लिए सृष्टि की प्रक्रिया चालू रहती है। प्राचीन … Read more

कोरोना:त्यौहार से अधिक जरुरी जिन्दगी

गोवर्धन दास बिन्नाणी ‘राजा बाबू’बीकानेर(राजस्थान)************************************************** ‘कोरोना’ संक्रमण सभी के लिए बहुत ही चिन्ता का विषय है। आवश्यकता यही है कि इस बीमारी से बचने के लिए जो भी सावधानियाँ बताई गई हैं, उसका हम कठोरतापूर्वक पालन करें। किसी भी हालत में मुँहपट्टी (मास्क) बिना न निकलें और ‘सामाजिक दूरी’ का भी अक्षरशः पालन करें।जैसा कि दुर्गा … Read more

दृष्टिकोण

मधु मिश्रानुआपाड़ा(ओडिशा)********************************************* पिछले वर्ष नवरात्रि में रायपुर अपने भैया के घर गई थी। दोपहर का समय था,गेट में कुछ बच्चों की आवाज़ सुनकर मैं भी भाभी के साथ बाहर निकली तो देखा,कुछ लड़कियाँ बाहर खड़ी थी। उनमें से एक ने भाभी को देखते ही कहा-“आँटी कुँवारी खिलाओगी क्या ? कब आएं हम लोग..?”तो जवाब में … Read more

निजी जीवन को बेहतर बनाएं

डॉ.अरविन्द जैनभोपाल(मध्यप्रदेश)***************************************************** बड़ी संख्या में लोगों का व्यक्तिगत जीवन बुरे दौर से गुजर रहा है। इसका कारण है अपमान और तनाव। आप जानें कि,अपनी निजी जिंदगी को आप किस तरह खुशनुमा बनाकर रख सकते हैं। ताजा आँकड़ों के अनुसार इस समय हमारे समाज में अपमान (एंग्जाइटी) और तनाव के मरीजों की संख्या लगभग दोगुनी हो … Read more

सिद्धि और साधना की कुंजी नवरात्रि

सुरेन्द्र सिंह राजपूत हमसफ़रदेवास (मध्यप्रदेश)******************************************************* सर्व मंगल मांगल्ये, शिव सर्वार्थ साधिके।शरण्ये त्र्यम्बके गौरी नारायणी नमोस्तुते॥प्रत्येक संवत्सर (साल) में चार नवरात्र होते हैं, जिनमें विद्वानों एवं ज्योतिषाचार्यो ने वर्ष में दो बार नवरात्रों में माँ की आराधना का विधान बनाया गया है। विक्रम संवत के पहले दिन अर्थात चैत्र मास के शुक्लपक्ष की प्रतिपदा (पहली तिथि) से … Read more

‘हिंदी,इसकी बोलियाँ और अष्टम अनुसूची’ पर हुई वैश्विक ई-संगोष्ठी

मुंबई(महाराष्ट्र)l वैश्विक हिंदी सम्मेलन के तत्वावधान में १० अक्तूबर को ‘हिंदी,इसकी बोलियां और अष्टम अनुसूची’ विषय पर वैश्विक ई-संगोष्ठी का आयोजन किया गयाl इसमें सम्मेलन के निदेशक डॉ. एम.एल. गुप्ता ‘आदित्य’,सम्मेलन की संयोजक डॉ. सुस्मिता भट्टाचार्य,वरिष्ठ पत्रकार और भारतीय भाषा चिंतक राहुल देव,केंद्रीय हिंदी संस्थान(आगरा)के उपाध्यक्ष अनिल शर्मा ‘जोशी’,हिंदी बचाओ मंच के संयोजक प्रो. अमरनाथ,हिंदी … Read more