राष्ट्रीय एकता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हिन्दी
गोवर्धन दास बिन्नाणी ‘राजा बाबू’बीकानेर(राजस्थान)********************************************* हिन्दी संग हम… अमरावती में जन्मे गुणाकर मुले ने एक ‘भारतीय लिपियों की कहानी’ लिखी। उन्होंने लिखा कि, जिस लिपि में यह पुस्तक छपी है, उसे ‘नागरी’ या ‘देवनागरी’ लिपि कहते हैं, जो लगभग २५० वर्ष पहले बनी। इसके विकास होने से अक्षरों में स्थिरता आ गई।देवनागरी लिपि में मुख्यतः गुजराती, … Read more