पीड़ा
डॉ.चंद्रदत्त शर्मा ‘चंद्रकवि’ रोहतक (हरियाणा) ******************************************************* आज न जाने क्यों शिवनंदन सर अपने सिद्धांतों को तिलांजलि देकर कुछ कमजोर छात्रों की मदद के लिए परीक्षा केन्द्र पहुंच गए। “ए मास्टर चला जा..जाओ कोई आपकी वीडियो बना लेगा..” एकसाथ आवाजें सुनाई दी। जैसे ही यह सब उसकी प्रिय शिष्या आरज़ू ने देखा, उसे बेहद तकलीफ हुई … Read more