साहित्य, संस्कृति और इतिहास थे डॉ. सुमित्र
जबलपुर (मप्र)। डॉ. सुमित्र जैसे साहित्य साधक विरले ही होते हैं। उन्होंने लगभग साढे़ सात दशक तक साहित्य, पत्रकारिता और समाज की अप्रतिम सेवा की। डॉ. सुमित्र अपने में एक युग थे, समूचा साहित्य, संस्कृति और इतिहास थे।उक्त तदाशय के उदगार पाथेय संस्था के तत्वावधान में विविध संस्थाओं की संयुक्त सुमित्र श्रद्धांजलि सभा में मनीषियों … Read more