कहाँ खो गए वो दिन…

डॉ. अनिल कुमार बाजपेयीजबलपुर (मध्यप्रदेश)************************************* अब कहाँ बची वो धींगामस्ती,दुःख महंगा था खुशियाँ सस्ती। कहाँ खो गए खेल के वो दिन,खेल बिना जीना नामुमकिन। कंचे पिट्टू गुल्ली-डंडा पतंग,हो जाता सारा मुहल्ला तंग। दोस्तों के संग जमती महफ़िल,घर में पलभर लगता न दिल। जब आती थी पहली जुलाई,बन्द हो जाती सारी घुमाई। वो कॉपी-किताबों की तैयारी,बस्ता … Read more

हम पढ़ेंगे

जबरा राम कंडाराजालौर (राजस्थान)**************************** आगे बढ़ेंगे हम पढ़ेंगे,पढ़ने का जमाना है,पढ़े-लिखे की कद्र बने है,ये मन में ठाना है। शिक्षा से संभव सब-कुछ,अनपढ़ मन पछताता है,पढ़ सके ना समझ सके,मन ही मन आकुलता है। हिसाब-किताब की दिक्कत,वो समझ ना पाता है,अंगुलियों पे लेखा-जोखा,आगे कुछ ना आता है। पढ़े-लिखे बिन नहीं नौकरी,रोड़ा कदम-कदम है,पढ़ा-लिखा पाता पद … Read more

संघर्षमय मेरा विद्यार्थी जीवन

डॉ.पूर्णिमा मंडलोईइंदौर(मध्यप्रदेश) ***************************************************** मेरा विद्यार्थी जीवन स्पर्धा विशेष …….. विद्यार्थी जीवन जितना मस्ती भरा और बेफिक्री का होता हैैैै,वहीं कभी-कभी संघर्ष से भरा हुआ भी होता है। बचपन से लेकर युवावस्था तक निरन्तर चलता रहता है। बल्कि,कहूंगी जीवन पर्यंत चलने वाला होता है विद्यार्थी जीवन। जो विद्यार्थी संघर्ष करता है,वह निश्चित ही अपने लक्ष्य को … Read more

आन,मान,शान थे गोपाल जी

अमल श्रीवास्तव बिलासपुर(छत्तीसगढ़) *********************************** जन्म,मरण सब देश के लिए ही रहा,भारती की आन,मान,शान थे गोपाल जी।श्रेष्ठ कवि,गीतकार,ज्योतिष के साधक थे,साथ-साथ नेक इंसान थे गोपाल जी॥देश में विदेश में भी,वाणी और लेखनी से,राष्ट्र भाषा के ही प्रतिमान थे गोपाल जी।सारी दुनिया के सारे दिलों मे करेंगे राज,वास्तव में इतने महान थे गोपाल जी॥ परिचय-प्रख्यात कवि,वक्ता,गायत्री साधक,ज्योतिषी और … Read more

वेणी

बोधन राम निषाद ‘राज’ कबीरधाम (छत्तीसगढ़)************************************* नारी वेणी साजती,सुन्दर यह श्रृंगार।ममता की मूरत भली,देखें सब संसार॥देखें सब संसार,त्रिवेणी जैसी संगम।नारी शोभित केश,सुहानी लगती हरदम॥कहे ‘विनायक राज’,बने राधा-सी प्यारी।गूँथे वेणी रोज,दिखे सुंदरता नारी॥

नि:स्वार्थ था विद्यार्थी जीवन

संदीप धीमान चमोली (उत्तराखंड)********************************** मेरा विद्यार्थी जीवन स्पर्धा विशेष …….. तेरा-मेरा,जाति-पातीबन गया लाभार्थी जीवन,नि:स्वार्थ था कभी वो-मेरा विद्यार्थी जीवन। जेब थी ख़ाली,वित्त नहींसंग थे चित्त,चित्त नहीं,ऊंची उड़ान भरा था वो-मेरा विद्यार्थी जीवन। चिंता थी चित्त चोर कीपढ़ाई के घर में शोर की,आगे बढ़ने की होड़ की-बिन पैसे मस्ती दौड़ की। परीक्षा पास तो जागे रातोंकभी मोहब्बत … Read more

बड़ा प्यारा-न्यारा था विद्यार्थी जीवन

ममता तिवारीजांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** मेरा विद्यार्थी जीवन स्पर्धा विशेष …….. बन्द स्मृति पट खुलते जब-जब,पलकों में स्कूल ड्रेस लहराती हैआते बरसात मोगरे सँग-सँग,नई कागज की महक छा जाती है़। अब लगते सपनीले सब-कुछ,कोमल निर्मल शीतल छीन पलविद्यार्थी जीवन बड़ा प्यारा-न्यारा था,पता नहीं थे तब जीवन के छलबेफिक्र फूल खिले तब खुशियों के,जवाबदारियों-कर्तव्यों के काँटें हैं। जीवन झँझट … Read more

मस्ती भरे वो दिन

राजबाला शर्मा ‘दीप’अजमेर(राजस्थान)******************************************* मेरा विद्यार्थी जीवन स्पर्धा विशेष …….. तन में मस्ती,मन में मस्तीदिनभर खेल-कूद में जाता,ना भविष्य की चिंता कोई-सुखमय समय बीतता जाता। राम-रहीम नहीं था कोईभेदभाव की बात नहीं थी,मिल-जुल कर सब खाते-पीते-राव रंक की जात नहीं थी,छीना-झपटी होती रहतीकोई रूठता कोई मनाता।ना भविष्य की चिंता कोई,सुखमय समय बीतता जाता…॥ साइकिल दौड़ती फर्राटे … Read more

मैं भी पढ़ने जाता था

उमेशचन्द यादवबलिया (उत्तरप्रदेश) ************************************* मेरा विद्यार्थी जीवन स्पर्धा विशेष …….. मन भाए बचपन की यादें,मन के राग मैं गाता था,बचपन मेरा बड़ा निराला,मैं भी पढ़ने जाता था। अच्छा लगता मित्रों के संग में,कागज की नाव चलाता था,बचपन मेरा बड़ा निराला,मैं भी पढ़ने जाता था। पहले तो मन लगा नहीं था,रोते इधर-उधर भग जाता था,बचपन मेरा बड़ा … Read more

नींव सफलता की यही

संजय गुप्ता  ‘देवेश’ उदयपुर(राजस्थान) *************************************** मेरा विद्यार्थी जीवन स्पर्धा विशेष …….. मात-पिता का एक था सपना,मैंने बना लिया वह अपना,पढ़-लिख कर मैं कुछ बन जाऊँ,सबजन का मैं मान बढ़ाऊँ। शिक्षा इसके लिए जरूरी,जो मन से मैंने की पूरी,शुरू हुआ विद्यार्थी जीवन,लगा दिया अपना यह तन मन। मैं दिन-रात मेहनत करता,कभी नहीं पढ़ने से डरता,आर्थिक हालात नहीं … Read more