अहंकार करना नहीं
बोधन राम निषाद ‘राज’ कबीरधाम (छत्तीसगढ़) ******************************************************************** चन्दन- चन्दन माथे साज के,पंडित बने महान। ढोंगी पाखण्डी बने,देखो तो इंसान॥ अग्निपथ- वीर चले हैं अग्निपथ,होने को बलिदान। भारत की रक्षा किये,देखो आज महान॥ अहंकार- अहंकार करना नहीं,इससे घटता मान। ये तो दुश्मन आपका,छोड़ इसे नादान॥ दीपक- घर का दीपक है तनय,बेटी कुल की शान। इज्जत मर्यादा … Read more