कुंदन बनना है मुझको

ममता तिवारी ‘ममता’जांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** खिलवाड़ की यह कथा है,मेरी बुलायी व्यथा है।वनदेवी सुनो कहानी अन्यों से-तनिक पृथा है॥ सुख-संतुष्टि अति हुआ जब,मति फिरती मानव की तब।उपदेश कभी ना सुनता-मन चंचल शांत रहा कब॥ मन हो जाता है द्रोही,सुख ऊपर सुख का टोही।उत्तम से अत्युत्तम खोजे-निज से ही बने विमोही॥ माना द्रव द्रव्य होता,धन चमक पर भव्य … Read more

भारत माँ का लाल हूँ

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश)******************************************* भारत माँ का लाल हूँ, दे सकता मैं जान,गाता हूँ मन-प्राण से, मैं इसका यशगान।आर्यभूमि जगमग धरा, बाँट रही उजियार-इसकी गरिमा-शान पर, मैं हर पल क़ुर्बान॥ भगतसिंह, आज़ाद का, अमर सदा बलिदान,ऐसे पूतों ने रखी, भारत माँ की आन।जो भारत का कर गए, सचमुच चोखा भाग्य-ऐसे वीरों ने दिया, हमको नवल … Read more

पक्षियों की पीड़ा

आशा आजाद`कृतिकोरबा (छत्तीसगढ़)**************************** पंछी उड़ते नील गगन में, वृक्षों पर उसका डेरा है,भटक रहे हैं इधर-उधर वे, मानव बन गया लुटेरा है।पंछी घटते नित्य धरा पर, यह कैसा कलयुग आया-मानुष फँसता लोभ मोह में, लालच ने सबको घेरा है॥ तिनका-तिनका ढूँढ-ढूँढ कर, वह अपना नीड़ बनाती है,नव बच्चे को वहाँ बिठाकर, फिर भोजन ढूँढने जाती … Read more

प्रेम प्रखर विश्वास

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश)******************************************* प्रेम मधुर इक भावना, प्रेम प्रखर विश्वास।प्रेम मधुर इक कामना, प्रेम लबों पर हास॥प्रेम सुहाना है समां, है सुखमय परिवेश।पियो प्रेमरस डूबकर, रहे संग नित आस॥ प्रेम हृदय की चेतना, प्रेम लगे आलोक।प्रेम रचे नित हर्ष को, बना प्रेम से लोक॥प्रेम एक आनंद है, जो जीवन का सार।प्रेम राधिका-कृष्ण है, दूर … Read more

गलतियाँ लाज़मी है

ममता तिवारी ‘ममता’जांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** गुलजार नये मयखाने के, पीछे इक मंदिर पुराना है,मंजर बतलाने का मक़सद, नशे से तुमको जगाना है।जंग बनी गुलजार जिंदगी, आ चल दें पीछे वीराने में-रख छोड़ा वहाँ पे किसी ने, बुत कदम हसीं नज़राना है॥ जिस्म हुश्न रंगत-ओ-शबाब, जल खाक हवा हो जाना है,इनके गुरुर पे उड़ते हम ये, नामों-निशाँ मिट … Read more

बचाना अब तो बेटियाँ

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश)******************************************* कहो कैसे हुआ यह सब, मनुज का दिल ज़हर देखो,हुए हैं क्रूर वे कितने, ज़रा तो आचरण लेखो।बचाना अब तो हमको बेटियाँ, यह ही शपथ लें हम-करें सब काम अब चोखा, व्यर्थ नारे नहीं फेंको॥ गर्भ में मारते क्योंकर, जन्म लेने तो उनको,वे हैं जननी,बहन-पत्नी, शिकंजे में कसा जिनको।नहीं पर ज़ुल्म … Read more

राष्ट्रीयता

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश)******************************************* हिन्दू,मुस्लिम एक हैं, सभी एक इंसान,सिक्ख और ईसाईयत, सबमें इक भगवान।जब सारे मिलकर रहें, तो गुलशन आबाद-देश प्रगति के पूर्ण तब, होंगे सब अरमान॥ खेतों में जब श्रम करें, हलधर प्रखर किसान,सीमाओं पर हों डटे, सारे वीर जवान।तभी देश आगे बढ़े, जीते हर इक जंग-तभी बनेगा वास्तव, भारत देश महान॥ भारत … Read more

है अभिमान तिरंगा

अजय जैन ‘विकल्प’इंदौर(मध्यप्रदेश)****************************************** भारत का है यशगान तिरंगा,भारत की है पहचान तिरंगा।कम ना हो शान संविधान की-है भारत का सम्मान तिरंगा॥ है वीरों का अभिमान तिरंगा,रखना बस आजाद तिरंगा।लहर-लहर यूँ लहराता जाए-करूं कुरबां मेरी जान तिरंगा॥ मत भूलो सम्मान तिरंगा,करो याद बलिदान तिरंगा।बोल रहा है कण-कण माटी-गणतंत्र दिवस की आन तिरंगा॥ अनगिनत कुर्बानी है तिरंगा,आजादी … Read more

सैनिकों को नमन

आशा आजाद`कृतिकोरबा (छत्तीसगढ़)**************************** मातृभूमि की रक्षा करते, उनके गुण मैं गाती हूँ,दुश्मन से लोहा लेते हैं, साहस गीत सुनाती हूँ।हिय में सच्ची देश भक्ति से, अपना फर्ज निभाते हैं-भारत के ऐ वीर सपूतों, अपना माथ झुकाती हूँ॥ वतन परस्ती लहू-लहू में, जन-जन तक पहुँचाती हूँ,सैनिक सो जाते सरहद पर, सम्मुख धर्म कराती हूँ।रण पर कुर्बानी … Read more

मंगल कामना

आशा आजाद`कृति`कोरबा (छत्तीसगढ़) ******************************************* नया उजाला-नए सपने… शुभ नव मंगल कामना, सुखमय हो नववर्ष,अंतर मन उल्लास हो, जीवन हो नित हर्ष।दुख सुख सह आगे बढ़े, यही प्रार्थना आज-स्वथ्य देह निर्मल हृदय, होवे तन प्रतिवर्ष॥ मृदुवाणी स्वर मधुर हो ,स्वप्न रहे साकार,सुखमय जीवन आपका, धरें हृदय में प्यार।मानवता का पथ रहे, ऐसा हो शुभ ध्येय-मनुज मनुज … Read more