चलो हरि की शरण
आचार्य संजय सिंह ‘चन्दन’धनबाद (झारखंड )*************************************************** चलो हरि की शरण, छू लें हरि के चरणशुद्ध हो अंतःकरण, वस्त्र नूतन हो वरण। करें गीता ग्रंथ का स्मरण,पाएँ वेद पांच का विवरणकरें पुरखों का भी अनुसरण, जाने कब हो जाएगा मरण ? चित्त शुद्ध, स्वच्छ आचरण, हो भक्ति-भाव वातावरणआसक्ति का करें संवरण, मद्द्य पान का हो उद्धरण। न कर सके कोई अपहरण,हरि महिमा … Read more