चेतना का नवोन्मेष संदेश ‘गुड़ी पड़वा’

शशि दीपक कपूरमुंबई (महाराष्ट्र)************************************* गुड़ी पड़वा विशेष…. ‘वैविध्य’ की अर्थ संपूर्णता व व्यापकता हिंदू संस्कृति में पूर्णमासी के चंद्रसमान है। हिंदू संस्कृति अपने में प्रकृति की विशिष्ट संरचना को समाहित किए हुए है। हमारे देश में प्रकृति की भागौलिक देन के कारण प्रत्येक ३ मास के बाद ऋतु परिवर्तन होता है। परिवर्तन के दौरान व्यक्ति … Read more

गणगौर पर्व:आस्था का उत्सव

गोवर्धन दास बिन्नाणी ‘राजा बाबू’बीकानेर(राजस्थान)*********************************************** भारत के कुछ प्रदेशों में खासकर राजस्थान एवं सीमावर्ती मध्य प्रदेश में गणगौर (गण-शिव तथा गौर-पार्वती) पर्व होलिका दहन के दूसरे दिन चैत्र कृष्ण प्रतिपदा से चैत्र शुक्ल तृतीया तक १८ दिनों तक मनाया जाता है। यह आस्था,प्रेम और पारिवारिक सौहार्द का सबसे बड़ा उत्सव है। चूँकि,बीते २ साल से ‘कोरोना’ … Read more

भारत-दुबई घनिष्टता के नए आयाम

डॉ.वेदप्रताप वैदिकगुड़गांव (दिल्ली) ******************************* यह खुश खबर पढ़ी कि दुबई की कुल १६० सेवाओं में से भारत के लिए १०६ के द्वार खोल दिए गए हैं। कुछ दिन पहले हमारे व्यापार मंत्री पीयूष गोयल संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) आए थे और उन्होंने यहां के नेताओं से बातचीत करके यह समझौता किया था। अब यहां भारतीय नर्सों, … Read more

साँझ

डॉ. वंदना मिश्र ‘मोहिनी’इन्दौर(मध्यप्रदेश)************************************ आजकल राधिका दिन पर दिन बहुत उदास और चुप-सी रहने लगी थी। भीड़ मे होकर भी अकेली सी,बोलती हुई भी मौन-सी हो गई थी।केशव से भी कम ही बात होती थी। केशव उसके पति,जिससे वह एक समय था जब दिनभर बक-बक करती रहती थीं,पर आजकल दोनों में जैसे शीत युद्ध छिड़ … Read more

भक्तिन राम प्यारी

ताराचन्द वर्मा ‘डाबला’अलवर(राजस्थान)*********************************************** आज राम प्यारी बहुत उदास थी। उसकी आँखों में आँसू बह रहे थे। शायद रोज़ की भांति बहू ने आज भी उसे भला-बुरा कहा है। बेचारी करती भी क्या! असहाय जो ठहरी। शरीर में इतनी ताकत नहीं बची थी कि बहू का मुकाबला कर सके। उसके प्रश्नों का जवाब दें सके। बस … Read more

जब प्रधानमंत्री मारग्रेट थ्रेचर के कर-कमलों से मिला ज्ञानपीठ पुरस्कार…

रश्मि बंसल झंवर-संजय ‘अनंत’********************************* स्व. महादेवी वर्मा जयंती… छायावाद की महान स्तंभ;हिंदी साहित्य की अमर साधिका;आदर्श,करुणा,दया और ममता का जीवंत रूप;काव्य में वेदना,रहस्य,प्रणय और प्राकृतिक सौंदर्य को पिरोने वाली;गिल्लु,नीलकंठ,गौरा जैसे मानवेतर पात्रों में संवेदनाओं का रस भरने वाली; पंत और निराला की कलाई पर स्नेह की डोर सजाने वाली;प्रयाग महिला विद्यापीठ की प्राचार्य; भारत का … Read more

सौतेली माँ

ममता तिवारी ‘ममता’जांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** क्या बहुत बुरी होती है सौतेली माँ ?आर्थिक कमजोर घर की पढ़ी-लिखी,उम्रदराज सुघढ़ युवती,दस-बारह साल के धनाढ्य २ बेटे-बेटी की सौतेली माँ बन कर आती है।नाना-नानी मौसी मामा से गुरुमंत्र प्राप्त बच्चे,माँ नहीं उसे दुश्मन मानते हैं। उपेक्षा,अवहेलना,घृणा, झेलते घर की मुफ्त की नौकरानी बन जीती रही, जीती रही…। पहली पत्नी की … Read more

मधुमेह:बचाव भी इलाज़

डॉ.अरविन्द जैनभोपाल(मध्यप्रदेश)*********************************************** मधुमेह(डायबिटीज) एक दीर्घकालिक रोग है, जिसने हाल के वर्षों में कई लोगों को चपेट में लेते हुए सेहत पर बहुत बुरा असर डाला है। मधुमेह की वजह से कई और समस्याएं हो सकती हैं जैसे-दिल का दौरा,जो उम्र को तेजी से बढ़ाता है और गुर्दे को नुकसान पहुंचाता है। भारत में मधुमेह एक … Read more

अधर में लटकी है पाकिस्तान सरकार

डॉ.वेदप्रताप वैदिकगुड़गांव (दिल्ली) ******************************* पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने भारतीय विदेश नीति की खुले-आम तारीफ करके अपना फायदा किया है या नुकसान,कुछ कहा नहीं जा सकता। इस वक्त पाकिस्तान की फौज और उनके गठबंधन के कुछ सांसद उनसे इतने नाराज़ हैं कि उनकी सरकार अधर में लटकी हुई है। यदि इस्लामी सहयोग संगठन (ओआईसी) के … Read more

मात्र इतनी अपेक्षा-जनता को गुमराह न करें

शशि दीपक कपूरमुंबई (महाराष्ट्र)************************************* कांग्रेस कहती है कि वर्तमान सरकार की नीति है ‘फूट डालो और राज करो’, लेकिन इतनी संजीदा बात आराम से यह कह कर भूल जाना कि ‘कश्मीरी तो ३९९ ही गए,जबकि मुस्लिम १५ हजार। यह बात लिखने वाले भूल गए कि बच्चों की तरह लूडो तो १९४७ की कांग्रेस सरकार खेल … Read more