नरसिंहराव के प्रति कांग्रेस की कृतघ्नता

डॉ.वेदप्रताप वैदिकगुड़गांव (दिल्ली) ******************************* भारत के प्रधानमंत्री रहे पामुलपर्ती वेंकट नरसिंहरावजी का इस २८ जून को सौवां जन्मदिन था। प्रधानमंत्री बनने के पहले वे विदेश मंत्री, गृहमंत्री,रक्षा मंत्री और मानव संसाधन मंत्री रह चुके थे। १९९१ में जब वे प्रधानमंत्री बने तो तीन पड़ौसी देशों के प्रधानमंत्रियों ने पूछा कि क्या राव साहब इस पद को … Read more

पारिवारिक प्रेम-प्यार

हीरा सिंह चाहिल ‘बिल्ले’बिलासपुर (छत्तीसगढ़) ************************************** ‘पिता का प्रेम, पसीना और हम’ स्पर्धा विशेष….. पिता का प्रेम-पसीना और हम भाई,बहन,माता।दिलों में प्यार सजा रखते तो परिवार भी निखर जाता॥पिता का प्रेम… मिली तकदीर भली जिससे लगे हर जिन्दगी न्यारी,करें भगवान दया हम पर लगे सबको बड़ी प्यारी।घड़ी होती अगर मुश्किल तो सबका साथ बन जातासभी … Read more

पिता हैं तो हम हैं

श्रीमती देवंती देवीधनबाद (झारखंड)******************************************* ‘पिता का प्रेम, पसीना और हम’ स्पर्धा विशेष….. परम पूज्य पिता की महानता जितनी बताऊँगी है कम,याद आती है बचपन से ले के सभी बातें,आँखें होती हैं नम। पिता,मेरी माँ की लाल-लाल चूड़ी सिन्दूर बिंदी सुहाग है,माता-पिता के प्रेमभरे जीवन से,धरा पर हम आज हैं। पिता हैं मित्र,जो हमें दुनिया में … Read more

पिता के ऋण से कभी उऋण नहीं हो सकते

सुरेन्द्र सिंह राजपूत हमसफ़रदेवास (मध्यप्रदेश)****************************************** ‘पिता का प्रेम, पसीना और हम’ स्पर्धा विशेष….. पिता के ऋण से हम कभी उऋण नहीं हो सकते,क्योंकि संसार में एक पिता ही वह शख़्स है जो चाहता है कि मेरे बच्चे मुझसे भी ज़्यादा तरक़्क़ी करें। पिता अपने बच्चों की ख़्वाहिशें पूरी करने के लिए जो कड़ी मेहनत और संघर्ष … Read more

पिता का प्रेम जैसा हमने पाया

शंकरलाल जांगिड़ ‘शंकर दादाजी’रावतसर(राजस्थान) ****************************************** ‘पिता का प्रेम, पसीना और हम’ स्पर्धा विशेष….. नमन करूँ हे पिता तुम्हें,मुझसे मुँह कैसे मोड़ लियास्वार्थ भरी इस दुनिया में,क्यों मुझे अकेला छोड़ दिया। कैसे जाऊँगा तुम बिन मैं,बस इतना तो सोचा होताहो गया अकेला दुनिया में,तुम छोड़ गऐ मुझको रोता। लाड़प्यार से बेटे को जब,तुमने गोद खिलाया थाघुटनों पर … Read more

आप पत्थर नहीं,हरी दूब हो

अनूप कुमार श्रीवास्तवइंदौर (मध्यप्रदेश)****************************************** आप पत्थर नहींहरी दूब हो,आपको इतनातो महसूस हो। मन सजाओ जराहरे दरख्त-सा,नयन से नयन मेंन‌ई धूम हो। आप नश्तर नहींओंस की बूंद हो,आपको भी ये सावनमहसूस हो। आप पत्थर नहींहरी दूब हो,आपको इतनातो महसूस हो॥ इक कैलेण्डर टंगा हैमेरे सामने,रोज़ कटती हैंतारीख इस उम्र की। हर तरफ़ बिखरेबिखरे किस दर्द में,आप … Read more

काश! वो बचपन वापिस आ जाए

डाॅ. पूनम अरोराऊधम सिंह नगर(उत्तराखण्ड)************************************* ‘पिता का प्रेम, पसीना और हम’ स्पर्धा विशेष….. गरिमामय,प्रभावशाली,अति शानदार व्यक्तित्व के धनी मेरे पिता राम प्रकाश भल्ला-समाजसेवी, स्पष्टवादी,स्वावलम्बी,अथक परिश्रमी,सत्यवादी, निर्भीक,अनुशासन प्रिय,शालीन,दार्शनिक,विनम्रता, परोपकार आदि गुणों से सदैव सभी के प्रिय रहे।छोटा हो या बड़ा,निर्धन हो या धनवान,सभी से समभाव स्नेह करते व सम्मान करते थे। पिता जी, किशोरावस्था से ही … Read more

पिता की महिमा

डॉ. प्रताप मोहन ‘भारतीय’सोलन(हिमाचल प्रदेश)************************************** ‘पिता का प्रेम, पसीना और हम’ स्पर्धा विशेष….. हर समस्या का होताहै उनके पास समाधान,पापा ही मेरी दुनिया है-पापा ही मेरी जान। अपने बच्चों की खुशीके लिए सारी जिदंगी,गुजार देता हैबडा़ होकर वही बेटा-बाप को बिसार देता है। पापा अलाउद्दीन काचिराग होता है,जो फरमार्ईश करो-वो मिल जाता है। औलाद की … Read more

मीठी यादें

ज्ञानवती सक्सैना ‘ज्ञान’जयपुर (राजस्थान) ******************************************** ‘पिता का प्रेम, पसीना और हम’ स्पर्धा विशेष….. पापा मुझे आपकी बहुत याद आती है,नसीहत-सी बातें बहुत याद आती हैंवह मीठी-मीठी यादें,कितना भाती हैं,यादों में आकर यादें,कभी बहुत रूलातीं हैं। हजारों उलझनों की इकलौती चाबी आप,हर आँधी-तूफां में महफूज रखते आपहर मुश्किल घड़ी में ढाल बन जाते आप,दे हिदायतें जीना … Read more

अतुलनीय पिता जी

उमेशचन्द यादवबलिया (उत्तरप्रदेश) ************************************ ‘पिता का प्रेम, पसीना और हम’ स्पर्धा विशेष….. आओ मेरे प्यारे मित्रों,दिल की बात बताता हूँ,पिता जी मेरे परम हितैषी,गाथा उनकी गाता हूँ।करतब उनका लिख ना पाऊँ,माथा मैं नवाता हूँ,आओ मेरे प्यारे मित्रों,दिल की बात बताता हूँ॥ अगर पिता जी कहीं भी जाते,खाली हाथ ना आते थे,फल या मिठाई जो भी होता,घर … Read more