सार्वजनिक कार्यक्रम में ‘डीजे’ मतलब मौत को निमंत्रण
डॉ.अरविन्द जैनभोपाल(मध्यप्रदेश)******************************************* चिंतन… हमारे देश में ७ वार और ९ त्यौहार मनाए जाते हैं तथा देश स्वतंत्र होने से स्वच्छंदता से भरपूर है। धर्म के नाम पर इतने कट्टर हैं कि, धर्मस्थल के सामने आवाज़ बंद हो जाती है, पर जीवित इंसानों की कोई कीमत नहीं है। ऐसे ही मरणोपरांत सम्मान और इज़्ज़त मिलती है, … Read more