अपराधबोध
प्रो.डॉ. शरद नारायण खरे मंडला(मध्यप्रदेश) *********************************************************************** ‘बड़े दिन की छुट्टी’ स्पर्धा विशेष……… तब मैं कक्षा दस का विद्यार्थी था। बोर्ड की परीक्षा थी,इसलिए बड़े दिन की छुट्टियां होने के उपरांत भी रोज़ाना सुबह दस से दो बजे तक एक्सट्रा क्लासेज लग रही थीं। घर से,मैं ठीक पौने दस बजे स्कूल को निकल जाता था । … Read more