है मन बावरा
ममता तिवारी ‘ममता’जांजगीर-चाम्पा(छत्तीसगढ़)************************************** क्या शांति गीतहै मन बावराभीतर मीत…। पँख झुलसेप्रीत पाखी व्याकुलबंधे भू रीत…। सुदूर नभदृग छोर तलकरेतीला टिश…। लू जैसे स्वाँसवाह्य दग्ध वायुढूँढते शीत…। शिथिल कायाअहर्निश अनलबुझता दीप…। पल्लव दलनैन रक्त पुष्प केहोते पतित…। नेह मेघ आअनिमेष दृष्टि मेंतृष्णा प्रतीत…। स्मृति कुम्भ मेंरक्षित गंगाजलएक अतीत…॥ परिचय–ममता तिवारी का जन्म १अक्टूबर १९६८ को हुआ … Read more