स्मृति

प्रभावती श.शाखापुरे दांडेली(कर्नाटक) ************************************************ काली अंधियारी रात में मेरा साया हँसा मुझ पर, हे मन बावरे काहे खोजे तू उसे जो तेरे साथ नहींl माना कि तेरे पास नहीं है, क्योंकि,वह तो बसी तेरी स्मृति में। मूँद ले अपनी पलकों को, पायेगा उसकी छवि देखेंगी निहार कर, अश्क बहेंगे प्रियतम के, भीगेगा तेरा मन क्योंकि,वह … Read more

यातनाएं सहूँगा तुम्हारे लिए

सुबोध कुमार शर्मा  शेरकोट(उत्तराखण्ड) ********************************************************* यातनाएं सहूँगा मैं तुम्हारे लिए, शर्त यह है जबां से कहो तो सही। बन के फरहाद समझूँगा निज श्रम सफल, दूध सरिता सरिस तुम बहो तो सही॥ एक युग हो गया दहते-दहते मुझे, हर सी हो गई सहते-सहते मुझे। जीत समझूँगा सचमुच् तुम्हारी प्रिय, मम सरिस वेदनाएँ,सहो तो सही॥ कंटकों … Read more

छाया बसंत ️

डॉ.धारा बल्लभ पाण्डेय’आलोक’ अल्मोड़ा(उत्तराखंड) ****************************************************************************** छाया बसंत अब दिक् दिगंत, है सुरभित छवि बहु दिशि बसंत। फूटे हैं कोमल नवल अंग, तरु-पुष्प-लता लद गये वृंतll मधुरस फैला चहुँओर आज, है मधुर-शांत-निर्मल प्रवाह। मदमस्त मधुर-मन मुग्ध मंत्र, कर रहा सुभाषित जग अनंतll नीलांबर मधुमय आज हुआ, मार्तंड-रश्मि से तृप्त हुआ। नव-बाल-अरुणिमा लिये अर्क, सौंदर्य से धरा … Read more

जवानी

अमल श्रीवास्तव  बिलासपुर(छत्तीसगढ़) ********************************************************************* बहुत कुछ कर गुजरने को,मचलती भावनाएं जब, नहीं अन्याय सह पाती,रगों में वह रवानी है। न केवल उम्र से ही वास्ता होता है सब उसका, जवानी जगमगाती ज्योति की उज्ज्वल निशानी है॥ देश के दुश्मनों का जो,कलेजा चीर कर रख दे, लगाए जख्म में मरहम,हृदय की पीर जो हर ले। अनीति … Read more

हड़ताल और बीमार बेटा

वकील कुशवाहा आकाश महेशपुरी कुशीनगर(उत्तर प्रदेश) ****************************************************************** मन अनहोनी की शंका से, थर-थर-थर-थर कांप रहा है आधी रात हुई है बेटा, पल-पल देखो हाँफ रहा है। अस्पताल जाना है लेकिन, हड़ताल अभी तक जारी है लोगों की यह मारा-मारी, इसके जीवन पर भारी है। बंद रहेगी सड़क अगर तो, कैसे होगा काम बताएं अगर इलाज नहीं … Read more

ज़िंदगानी दर्द की

सुश्री अंजुमन मंसूरी ‘आरज़ू’  छिंदवाड़ा (मध्य प्रदेश) ********************************************************************************************* इक मुकम्मल दास्तां है ज़िंदगानी दर्द की। मुस्कुराते लब के पीछे है निशानी दर्द कीl ठोकरों के बीज बो कर सींचती है अश्क से, ग़म की फसलें सब्ज़ करती बागबानी दर्द कीl गंगा यमुना में मिलाते कारखानों का ज़हर, अब नदी का ये सफ़र भी है रवानी … Read more

संकल्प-जरा गौर से तुम सुन लो आतंकियों…

डॉ.नीलम वार्ष्णेय ‘नीलमणि’ हाथरस(उत्तरप्रदेश)  ***************************************************** जरा गौर से तुम सुन लो आतंकियों मेरी कहानी। मत भूलो इन दिलों से संसार की प्रीत पुरानी। तुम मिटा रहे हो जिसको,कुदरत अनमोल निशानीll जरा गौर से… आँसू देखो बचपन के खुशियों में तुमने गुजारे, दूर वो अपने पराये देखे नफरत के अँधेरे। मुरझाये इन फूलों की कीमत कब … Read more

चलो कुछ दूर यूँ ही साथ-साथ

डॉ.किशोर जॉन इंदौर(मध्यप्रदेश) ************************************************************** चलो कुछ दूर यूँ ही साथ-साथ, ज़िन्दगी का साथ हो मुमकिन नहीं रोज़ मुलाक़ात हो मुनासिब भी नहीं, कुछ यू ही हो अफ़सानी बातें कुछ हँसी-कुछ मुस्कुराहटें। कुछ पुरानी,कुछ नई बातें, बस चलना है साथ-साथ किसी का साथ अच्छा लगता है, एक सुकून ठण्डा-सा एहसास पहली बरसात की बूंदों-सा, सुबह फूलों … Read more

नमामि अम्बिके

पवन कुमार ‘पवन’  सीतापुर(उत्तर प्रदेश) ****************************************************** सबने है घूरा माई,ज्ञान है अधूरा माई। कर दो न पूरा माई,सुनो जगदम्बिके! भक्त-भयहारिणी माँ,कष्ट की निवारणी माँ, भवसिंधु तारिणी माँ,ओ री मेरी अम्बिके! दुष्ट की विनाशिनी हो,अवगुण नाशिनी हो, कण-कण वासिनी हो,तुम्हीं प्रलयम्बिके! देख के तुम्हारी माया,मन मेरा भरमाया। शरण तिहारी आया,शरण्ये त्रयम्बिके! परिचय-पवन कुमार यादव का साहित्यिक … Read more

खत मेरे इजहार के

संजय गुप्ता  ‘देवेश’  उदयपुर(राजस्थान) ********************************************************************* नाच नाचा जब नचाया,गीत गाये प्यार के चीर के दिल जख्म दिखाये,इश्क की मार के, कोई तो होगा जतन,जो करूं मैं आखिरी कम नहीं होते दिख रहे,नखरे मेरे यार के। इनकार,इसरार,इकरार,सब मंजूर किया मर्जी हर बात में उनकी,मैंने क्या कसूर किया, गुनाह था ही नहीं,बरी किया काजी ने मुझे पर … Read more