आया है नव वर्ष

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश) ******************************************* आया है नव वर्ष फिर,गाने मंगलगीत।आओ,हम अब तो लिखें,हर लम्हे में जीत॥हर लम्हे में जीत,बढ़ें आगे ही आगे।जो सोये थे लोग,आज वे भी सब जागे॥कर्म बना हथियार,आज सबको है भाया।स्वागत है नववर्ष,आज तू दर पर आया॥ परिचय–प्रो.(डॉ.)शरद नारायण खरे का वर्तमान बसेरा मंडला(मप्र) में है,जबकि स्थायी निवास ज़िला-अशोक नगर में … Read more

वो महानायिका

आशा आजाद`कृति`कोरबा (छत्तीसगढ़) ******************************************* प्रथम शिक्षिका कहलाती है,ज्ञान दिया सौगात।मान शान सावित्रीबाई,मातु विश्व विख्यात॥ पति ज्योतिबा फुले जिनको,कहते गुण की खान,नेक ज्ञान को नित्य बहा के,किया देश उत्थान।बहुजन के उत्थान ध्यान में,दिन देखा नहिं रात,मान शान सावित्रीबाई,मातु विश्व विख्यात…॥ दलित जाति को शिक्षित करना,यही एक था कर्म,महिलाओं को ज्ञान बाँटना,यही निभाया धर्म।कष्ट बहुत झेला माता … Read more

समय अवश्य परिवर्तित होगा

वाणी वर्मा कर्णमोरंग(बिराट नगर)****************************** सम्पूर्ण तमस चीरकर,सूर्य अवश्य उदीयमान होगाये प्रकृति का नियम है,अंधकार के बाद उजालाअवश्य ही आता है। इस जागृति को,कोई नहीं रोक पाता हैप्रत्येक मानव प्रत्येक जीवन,सुख-दु:ख धूप-छाँव की नियति में हैजन्म मरण का ये चक्र अनवरत है। मेघ कितना भी गरज ले,कितना भी बरस लेजितनी तेज आँधियां होती है,पश्चात उतना ही … Read more

भारत महान है

जसवीर सिंह ‘हलधर’देहरादून( उत्तराखंड)*************************************** हिन्दू नहीं मुस्लिम नहीं,सबका मकान है।कानून का है राज,यह हिन्दोस्तान है। क्यों नागरिक कानून पर गुमराह हो रहे ,कुछ वक्त के मारों को बस ये प्रावधान है। अधिकार सबके एक हैं कर्त्तव्य एक हैं,हर धर्म से ऊपर हमारा संविधान है। आया अयोध्या फैसला दुनिया गवाह थी,हमने दिखाया विश्व को भारत महान … Read more

कलम की ताकत बेहद महत्वपूर्ण-डॉ. जैन

अ.भा. महिला साहित्य समागम…. इंदौर। समाज के विकास में भारतीय नारियों की विशिष्ट भूमिका रही है। कलम की ताकत बेहद महत्वपूर्ण है,भले ही वह पुरुष के हाथ में हो या नारी के।प्रसिद्ध शिक्षाविद् तथा देवी अहिल्या विश्वविद्यालय,इंदौर की कुलपति डॉ. रेणु जैन ने यह बात प्रसिद्ध साहित्यकार सुभद्रा कुमारी चौहान की स्मृति में अखिल भारतीय … Read more

‘शब्दों को विश्राम कहाँ’ संग्रह विमोचित

पंचकूला(हरियाणा)। हरियाणा साहित्य अकादमी व उर्दू अकादमी पंचकूला के निदेशक-साहित्यकार डॉ. चंद्र त्रिखा ने वरिष्ठ कवयित्री व लघु कथाकार श्रीमती संतोष गर्ग की पुस्तक ‘शब्दों को विश्राम कहाँ’ लघु काव्य संग्रह का विमोचन साहित्य अकादमी (पंचकूला कार्यालय) में किया। इस संग्रह में कुल १०१ लघु कविताएँ हैं,जो शब्द,शक्ति,माँ व कोरोना आदि विषयों पर लिखी गई … Read more

नारी शिक्षा की नव अरुणिमा

डॉ.राम कुमार झा ‘निकुंज’बेंगलुरु (कर्नाटक) ***************************************** नारी शिक्षा की बन नव अरुणिमा,सामाजिक अवसीदना बहुत सही।अवरोध राह विविध संघर्ष अडिग,महिला नेतृत्व प्रखरा शिखर रही। चली रख ध्येय अटल मन पाठशाला,लंपट फेंके पत्थरें धूल सही।अविचल अनासक्त स्व निश्चय शिक्षण,अध्ययन अध्यापन अनुकूल रही। सावित्री बाई फुले वीरांगना,महाराष्ट्र प्रथम शिक्षिका महिला थी।सावित्री जन्म धन्य हो नायगांव,तिथि ०३-०१-१८३१ ई. थी। … Read more

संकल्प या समर्पण

संदीप धीमान चमोली (उत्तराखंड)********************************** संकल्प रावन कियाकिया समर्पण हनुमान,मार्ग भक्ति के दोनोंदोनों ने पाया भगवान। खोज ब्रह्म की करताविपरीत ज्ञान को जान,बैठा भीतर आत्म ब्रह्मढूंढे बाहर बाहर इंसान। तीन राह भक्ति कीइंसानी आडम्बर मान,संकल्प,समर्पण मात्रईश्वर संग रहे विद्यमान। संकल्प के पीछे अहम‘मै’ पूर्ण जन्म तू जान,पंडित,राक्षस हो जाएंसंकल्प छिपा अभिमान। भाव समर्पण दास-सा,संग अश्रु प्रेम आस … Read more

भूल चुकी मैं

श्रीमती देवंती देवीधनबाद (झारखंड)******************************************* मिला था एक पत्थर का सजना,बोला था,बनाऊॅ॑गा तुझे अपनाझूठी कहानी में उसने फँसाया मुझे,सुनो माफ नहीं करूॅ॑गी अब तुझे। भंवरा,सौदागर हो तुम प्यार के,मन बनाए रखते हो तकरार केखत पढ़कर जवाब नहीं देते हो,कहाॅ॑ रहते हो याद नहीं करते हो। कहो क्यों भेजा था तुमने गुलाब,क्यों मस्त रहते हो पीकर शराबखूब … Read more

समाज वैभव

डॉ.अशोकपटना(बिहार)*********************************** समाज वैभव प्रतीक है,उन्नति का मार्ग हैसंस्कृतिकरण है,सम्पूर्णता का पर्याय हैउत्तम विचार है,उन्नत व्यवहार हैउपचार भी। नवीनतम उद्गार है,मजबूत उद्यम भीपुरातन को याद करने का उत्साह भी,उल्लास भीउमंग का सामना करने वाली,एक उत्कृष्ट ख़ोज भी। सहचर भी आदर्श भी,अपनेपन का सुन्दर श्रंगार भीविपरित परिस्थितियों में स्वीकार भी,खुशियाँ बांटने मेंसाथी-सा मिलता प्यार भी,खुशियाँ बटोरने में … Read more