सुरक्षा-हमारा अभिमान

डॉ.अशोकपटना(बिहार)*********************************** जन प्रतिनिधि,देश की शान हैंइनकी सुरक्षा,हमारा अभिमान है। यह राष्ट्रीय गौरव हैं,सुरक्षा इनकी जरूरी हैप्रतिभा के प्रतीक की,रक्षा हमारी-आपकी,अत्यन्त जरूरी है। राष्ट्रीयता को हम,कभी नहीं भूले यहांराजनीतिक प्रपंचों की,काली आँखों से,कभी देखें नहीं यहां। यह वतन के लोगों से,एक फ़रियाद हैदेश के इतिहास को,हमें बनाना वास्तविक जैसे,जीवन का संवाद है। कुछ ऊंच-नीच,वतन पर भारी … Read more

क्या नूतन है ?

डॉ.विद्यासागर कापड़ी ‘सागर’पिथौरागढ़(उत्तराखण्ड)********************************** नववर्ष विशेष….. उर में उत्स नव जगा नहीं है,शीत दंश भी भगा नहीं है।तरुवर की नव कोपल सोई,अभी कुहू भी खोई-खोई। अभी मुदित से कहाँ सुमन हैं,कह रे तुझमें क्या नूतन है ?॥ भू पर कब परिहास जगा है ?होली का कब रास जगा है ?बौर कहाँ है आम्रवटों में ?गीत उठे … Read more

सबक सिखाना होगा

संजय गुप्ता  ‘देवेश’ उदयपुर(राजस्थान) *************************************** रचना शिल्प:सरसी/कबीर छंद पर आधारित/ प्रथम चरण चौपाई और दूसरा चरण दोहा, १६+११=२७ मात्र भार नारी का अपमान करे जो,करे उन्हें बदनाम,मनुज नहीं राक्षस सम है वह,गंदे करता काममानवता पर है कलंक वह,करे घृणित व्यवहार,उसको सबक सिखाना होगा,करे कानून काम। संस्कारों में कमी रही है,अथवा गंदा संग,मात-पिता के सपने तोड़े,करते दूषित … Read more

सभी नागरिक एक बराबर

अमल श्रीवास्तव बिलासपुर(छत्तीसगढ़) *********************************** सबका साथ,विकास सभी का,फिर यह भेदभाव कैसा ?जाति,पंथ,मजहब का सारा,फिर यह दुष्प्रभाव कैसा ? कौन अल्पसंख्यक,बहुसंख्यक,कौन खरा या खोटा है ?जब सब एक बराबर हैं,फिर कौन बड़ा,या छोटा है ? अगड़े,पिछड़े,दलित न कोई,ना ही आदिवासी हैं।कहो प्रेम से सब मिल करके,सब ही भारतवासी हैं। जाति,पंथ,मजहब आधारित,सारे झगड़े बंद करो।सभी नागरिक एक बराबर,यह … Read more

हुजूर,नया साल है

डॉ. अनिल कुमार बाजपेयीजबलपुर (मध्यप्रदेश)*********************************** नव वर्ष विशेष….. बरस रही शराब है,उफान पर शबाब हैथिरक रही जवानियाँ,हैं बन रहीं कहानियांइधर गिरो उधर गिरो,जहाँ है मन वहीं गिरोदिल में नहीं मलाल है,हुजूर,नया साल है। नियम-नियम मत करो,कोई भी हो मत डरोकुछ भी करो छूट है,सब जगह तो लूट हैसंस्कार को धिक्कार है,ये बातें सब बेकार हैपानी … Read more

हिन्दी योद्धा:बाबू अयोध्या प्रसाद खत्री

डॉ. अमरनाथकलकत्ता (पश्चिम बंगाल)************************************* जिन दिनों हिन्दी नवजारण के अग्रदूत कहे जाने वाले भारतेन्दु बाबू हरिश्चंद्र, गद्य खड़ी बोली में लिख रहे थे,किन्तु कविता के लिए ब्रजभाषा को ही सबसे उपयुक्त मान रहे थे,उन्हीं दिनों बिहार के बाबू अयोध्या प्रसाद खत्री ने कविता के लिए भी खड़ी बोली अपनाने का आन्दोलन चलाकर अपनी मौलिक और … Read more

मन खट्टा हो गया

डॉ. आशा मिश्रा ‘आस’मुंबई (महाराष्ट्र)******************************************* मेरे इस अंतर्मन में अनगिनत घाव अधूरे हैं,जाने कितने ज़ख़्म मिले सारे भाव अधूरे हैं। तुम जब तक थे साथ मेरे सब कुछ था सही,न थी कोई आरज़ू मन्नत भी माँगी कभी नहीं। वक़्त ने हमें सब सिखाया पिछले कुछ वर्षों में,दुनियादारी है सच्चे-झूठे,खट्टे-मीठे संघर्षों में। देख कर दुनिया का … Read more

एक रास्ता

डॉ.किशोर जॉनइंदौर(मध्यप्रदेश)***************************************** गुज़र रहा हुँ वहाँ से,शायद ही कोई गुज़रा होइस राह से कभी यूँ ही,राह के दोनों तरफ़मुस्कुराहटें ही मुस्कुराहटें।अज़ीब-सा उन्माद,धड़कनें भी मध्यम-मध्यमकुछ रूमानी धुन,धीरे-धीरे गुनगुनाती।रास्ता गुलाबी फूलों से भरा,महकती ख़ुशबू बेशुमारबस ये रास्ता यूँ ही,चलता रहे साथ-साथकिसी के अहसासों के साथ,धीरे-धीरे हसरतों के साथ।ख़त्म ना होने के अन्दाज़-सा,ता-उम्र सिलसिलों की उम्मीदइस अन्दाज़ से … Read more

जय माँ भारती

शंकरलाल जांगिड़ ‘शंकर दादाजी’रावतसर(राजस्थान) ****************************************** हे भारती प्रणाम,माँ भारती प्रणाम।इस विश्व धरातल पर गूँजा है माँ तेरा ही तेरा नाम॥माँ भारती प्रणाम… हम भारत के बेटे हैं भारत के गीत सुनायेंगे,भारत माँ का जयकारा सारे जग में गुँजाएँगे।विश्व पटल पर भारत का ऊँचा कर देंगे नाम,हे भारती प्रणाम,माँ भारती प्रणाम…॥ हम शेरों की दहाड़ सुनकर दुश्मन … Read more

अपनों से ही आशाएं हों

संजय जैन मुम्बई(महाराष्ट्र) **************************************** प्रेम सभी से सकल हो,भाव अपने अटल होऔर अपनों को,अपनों से ही आशाएं होंजो बिन बोले व्यथा,अपनों की जान ले,और मुसीबत में फँसेअपनों को उभार दे। खुशियों के लिए क्यों,किसी का इंतज़ारआप ही तो हो अपने,जीवन के शिल्पकारचलो आज हम सब,मुश्किलों को हराते हैंऔर दिनभर परिवार केसाथ मुस्कुराते हैं। भक्ति में हम … Read more