अपनी एक अलग दुनिया रचती हैं किताबें-डॉ. मिश्र

अखिल भारतीय शब्द प्रवाह साहित्य सम्मान म.प्र. ग्रंथ अकादमी के निदेशक ने किया क़लम साधकों का उज्जयिनी में सम्मान उज्जैन(म.प्र.)। किताबें अपने तरीके से अपने जीवन को जीती है। किताबें अपनी एक अलग दुनिया रचती है। मेले और दुनिया में बहुत अंतर है कईं बार मेलों में दुनिया खो जाती है। यह बात म.प्र. ग्रंथ … Read more

विमल प्रेम होता सफल

डॉ.राम कुमार झा ‘निकुंज’ बेंगलुरु (कर्नाटक) **************************************************************************** स्वार्थ खड़ा है सामने,लाज तोड़ बीच प्यार। कहाँ चारु अन्तर्मिलन,इश्क आज बीमार॥ चाह कशिश अन्तर्मना,बिन उल्फ़त अहसास। मिले जीत विश्वास को,निर्मल हो आभास॥ विमल प्रेम होता सबल,त्याग शील आधार। आज पस्त कामुक फ़िजां,फँसा इश्क मँझधार॥ मधुरिम हो मन चिन्तना,भाव परस्पर प्रीत। नव तरंग नवरंग से,प्रेम मिलन उद्गीत॥ हुस्न … Read more

भारत-रुस:नई ऊंचाईयां

डॉ.वेदप्रताप वैदिक गुड़गांव (दिल्ली)  ********************************************************************** प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यह रुस-यात्रा भारतीय प्रधानमंत्रियों की पिछली कई यात्राओं के मुकाबले कहीं अधिक सार्थक रही है। उसका पहला प्रमाण तो यही है कि पूर्वी आर्थिक मंच के बहुराष्ट्रीय सम्मेलन में मोदी को मुख्य अतिथि बनाया गया है। दूसरी बात यह है कि मोदी और पुतिन,दोनों ने साफ-साफ … Read more

…तभी बनोगे दुनिया में नवाब

आरती जैन डूंगरपुर (राजस्थान) ********************************************* जिन्दगी आज भी जुआं है…, एक अधूरी-सी दुआ हैl कोई सुना देता है फरमान, तोड़ देता है अरमानl आसमान नहीं जमीन चाहिए, बस जिन्दा जमीर चाहिएl मानती हूँ लाख है कमी, फिर भी छुपा लेती हूँ नमीl जब थाम लेती हूँ अपना हाथ, नहीं छोड़ती हूँ खुद का साथl अजीब-सा … Read more

हे वीणा वाली

प्रिया देवांगन ‘प्रियू’ पंडरिया (छत्तीसगढ़) *********************************************************************** वीणा वाली शारद मैया,हमको दे दो ज्ञान, नन्हें-नन्हें बच्चे हैं हम,करें आपका ध्यान। चरणों में हम शीश झुकाते,करते हैं सम्मान, हाथ जोड़ कर विनती करते,करेंगे न अपमान। दीप ज्ञान की जल जाए माँ,करते सभी प्रणाम, हम भी आगे बढ़ते जाएं,जग में हो सब नाम। आशीर्वाद हमें दो माता,करें नेक … Read more

अपना बना तो सही

विनोद सोनगीर ‘कवि विनोद’ इन्दौर(मध्यप्रदेश) *************************************************************** चुरा लूं तेरे रंजो-गम सारे, तू मेरे पास आ तो सही। छुपा लूं तुझे दिल में अपने, तू मुझसे नज़रें मिला तो सही। किस बात ने कर रखा है परेशान तुझे, तू इसका पता मुझे बता तो सही। ये इश्क है बिल्कुल भी आसान नहीं, तू दिल्लगी अपनी मुझे … Read more

गडकरी का ‘नीति उपदेश’ और गोपाल भार्गव का ‘अ-नीति प्रस्ताव’…!

अजय बोकिल भोपाल(मध्यप्रदेश)  ****************************************************************** राजनीति और खासकर भारतीय राजनीति में नीति-उपदेश की आयु कितनी अल्प होती है,इसका उदाहरण समझना हो तो मध्यप्रदेश में नेता प्रतिपक्ष और वरिष्ठ भाजपा नेता गोपाल भार्गव का वह ताजा बयान देखना चाहिए,जिसमें उन्होंने राज्य की कमलनाथ सरकार को कंधा दे रहे सपा और बसपा के विधायकों को,उस सरकार को गिराने … Read more

हिंदीभाषा डॉट कॉम को ‘शब्द प्रवाह’ सम्मान

उज्जैन(म.प्र.)। शब्द प्रवाह साहित्यिक सांस्कृतिक एवं सामाजिक मंच (उज्जैन) द्वारा २०१९ के अखिल भारतीय साहित्यिक पुरस्कार के समारोह में लोकप्रिय वेबसाइट हिंदीभाषा डॉट कॉम को सम्मानित किया जाएगा। मातृभाषा हिंदी की सतत श्रेष्ठ साहित्यिक सेवा के लिए यह सम्मान ७ सितम्बर २०१९(शनिवार) को कालिदास अकादमी में राष्ट्रीय पुस्तक मेले के मंच से वार्षिक समारोह में … Read more

हिंदी मेरी भाषा

ममता बैरागी धार(मध्यप्रदेश) ****************************************************************** सोचता हूँ तो गर्वित होता, मैं इसी सोच में रहता। भरती मन में जो है आशा, देती कभी ना हमें निराशा। वह कोई और नहीं है, प्यारी मेरी है हिंदी भाषा॥ स्वयं माँ शारदा के मुख से निकली, ब्रह्मा के मन में है उपजी। बड़े-बड़े ऋषि मुनियों ने गाई, इसकी महत्ता … Read more

पुस्तक अपनी मित्र

बोधन राम निषाद ‘राज’  कबीरधाम (छत्तीसगढ़) ******************************************************************** पुस्तक अपनी मित्र है,रखना इसे सम्हाल। साथ निभाती है यही,हर युग औ हर काल॥ शब्दों का भण्डार है,यही खजाना ज्ञान। जो भी पढ़ता है इसे,वो बनता धनवान॥ बच्चे-बूढ़े हैं सभी,लेते इससे ज्ञान। फुर्सत में सुख देत हैं,धर्म-कर्म विज्ञान॥ पुस्तक की दुनिया भली,देती इक संसार। अपनों के आनन्द में,फिर … Read more