भारत-रुस:नई ऊंचाईयां

डॉ.वेदप्रताप वैदिक गुड़गांव (दिल्ली)  ********************************************************************** प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यह रुस-यात्रा भारतीय प्रधानमंत्रियों की पिछली कई यात्राओं के मुकाबले कहीं अधिक सार्थक रही है। उसका पहला प्रमाण तो यही है कि पूर्वी आर्थिक मंच के बहुराष्ट्रीय सम्मेलन में मोदी को मुख्य अतिथि बनाया गया है। दूसरी बात यह है कि मोदी और पुतिन,दोनों ने साफ-साफ … Read more

गडकरी का ‘नीति उपदेश’ और गोपाल भार्गव का ‘अ-नीति प्रस्ताव’…!

अजय बोकिल भोपाल(मध्यप्रदेश)  ****************************************************************** राजनीति और खासकर भारतीय राजनीति में नीति-उपदेश की आयु कितनी अल्प होती है,इसका उदाहरण समझना हो तो मध्यप्रदेश में नेता प्रतिपक्ष और वरिष्ठ भाजपा नेता गोपाल भार्गव का वह ताजा बयान देखना चाहिए,जिसमें उन्होंने राज्य की कमलनाथ सरकार को कंधा दे रहे सपा और बसपा के विधायकों को,उस सरकार को गिराने … Read more

कश्मीरःपाक झुका,अब नया राग

डॉ.वेदप्रताप वैदिक गुड़गांव (दिल्ली)  ********************************************************************** भारत में कश्मीर के पूर्ण विलय को अब एक महीना हो रहा है। ऐसा लगता है कि भारत और पाकिस्तान अपनी-अपनी शाब्दिक गोलाबारी से थक गए हैं। दोनों देशों के नेताओं ने अब नया राग छेड़ा है। दोनों एक-दूसरे से बात करना चाहते हैं। पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने कहा … Read more

भारतीय रिज़र्व बैंक और सरकार…नियन्त्रण से परे

अब्दुल हमीद इदरीसी ‘हमीद कानपुरी’ कानपुर(उत्तर प्रदेश) ***************************************************** १९४९ में अपनेे वर्तमान स्वरूप में आने से लेकर अब तक कभी भी भारत सरकार ने एक मुश्त इतनी बड़ी रक़म (एक लाख छिहत्तर हज़ार करोड़ रुपए) रिजर्व बैंक की आकस्मिक निधि से नहीं ली है। चीन युद्ध के समय आकस्मिक निधि से कुछ धन लिया गया … Read more

भाजपा की ‘वाॅशिंग मशीन’ और चारित्रिक चमकार का निरमा पाउडर…!

अजय बोकिल भोपाल(मध्यप्रदेश)  ****************************************************************** दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी होने का दावा करने वाली भारतीय जनता पार्टी को ‘राजनीतिक गंगा‘ को पहले ही मान लिया गया था,लेकिन पार्टी की ‘सफाई क्षमता’ की नई व्याख्या हाल में पार्टी के एक वरिष्ठ नेता और केन्द्रीय उपभोक्ता मामलों के राज्य मंत्री राव साहेब दानवे पाटिल ने की … Read more

नेताशाहों और नौकरशाहों को सीधा करें

डॉ.वेदप्रताप वैदिक गुड़गांव (दिल्ली)  ********************************************************************** कांग्रेस के नेता चिदंबरम तो अभी फंसे ही हुए हैं,अब दूसरे कांग्रेसी नेता कुलदीप बिश्नोई की गुरुग्राम में स्थित ब्रिस्टल होटल को भी सरकार ने जब्त कर लिया है। कुलदीप की बेनामी संपत्ति को निकालने के लिए उनके और उनके भाई चंद्रमोहन के दर्जनों ठिकानों पर छापे भी मारे गए … Read more

मोदी जी का कवच मन्त्र थे अरुण जेटली

डॉ.अरविन्द जैन भोपाल(मध्यप्रदेश) ***************************************************** मृत्यु एक ऐसा परम सत्य है,जिसका होना निश्चित है,पर कब-कहाँ कैसे होना है,यह अनिश्चित होता हैl मृत्यु अत्यंत दुखदायी होती है,जिस प्रकार मनुष्य का जन्म बताता है कि,होनहार विरवान के होत चिकने पात उसी प्रकार मृत्यु बताती है कि,इस व्यक्ति का जीवन कैसा बीता ? कारण जीवन और कर्मों का मिलन … Read more

दोगली नीतियाँ और दोहरे मापदंड घातक

डॉ.अरविन्द जैन भोपाल(मध्यप्रदेश) ***************************************************** हमारे देश में दोहरे मापदंड अपनाये जाते हैं,यानी हम दोगले हैं। एक तरफ सरकार जैविक खेती के लिए प्रोत्साहित करती है,और दूसरी तरफ उर्वरक,रासायनिक औषधियों पर जोर देती है। एक तरफ शाकाहार पर बल देती है,तो दूसरी तरफ पिंक क्रांति के नाम पर मांस निर्यात में हम विश्व में पहले क्रम … Read more

बीती ताहि बिसारि दे,आगे की सुधि लेइ

संदीप सृजन उज्जैन (मध्यप्रदेश)  ****************************************************** प्रधानमंत्री का देश के नाम संबोधन  ८ अगस्त को ८ बजने का पूरे भारत सहित विश्व को इंतजार था। सभी की नज़रें टी.वी. चैनल्स की तरफ थी। भारतीय गणराज्य के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को सुनने के लिए पूरा विश्व बैठा था। भारत के संविधान में एक बड़े परिवर्तन के बाद … Read more

साधारण सदस्य करें कांग्रेस अध्यक्ष का चुनाव

डॉ.वेदप्रताप वैदिक गुड़गांव (दिल्ली)  ********************************************************************** कांग्रेस-जैसी महान पार्टी कैसी दुर्दशा को प्राप्त हो गई है ? उसकी कार्यसमिति जैसी अंधी गुफा में आजकल फंसी हुई है,वैसी वह सुभाषचंद्र बोस और पट्टाभिसीतारमय्या तथा नेहरु और पटेल की टक्कर के समय भी नहीं फंसी थी। उस समय महात्मा गांधी थे। सही या गलत,जो भी उन्हें ठीक लगा,वह … Read more