वीरों ने दिया नवल विहान

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरेमंडला(मध्यप्रदेश) ******************************************* भगतसिंह,आज़ाद का,अमर सदा बलिदान,ऐसे पूतों ने रखी,भारत माँ की आन।जो भारत का कर गए,सचमुच चोखा भाग्य-ऐसे वीरों ने दिया,हमको नवल विहान॥ जय-जय भारत देश हो,बढ़े तुम्हारा मान,सारे जग में श्रेष्ठ है,कदम-कदम उत्थान।धर्म,नीति,शिक्षा प्रखर,बाँटा सबको ज्ञान-भारत की अभिवंदना,दमके सूर्य समान॥ परिचय–प्रो.(डॉ.)शरद नारायण खरे का वर्तमान बसेरा मंडला(मप्र) में है,जबकि स्थायी निवास … Read more

अपना भारत महान

शंकरलाल जांगिड़ ‘शंकर दादाजी’रावतसर(राजस्थान) ****************************************** गणतंत्र दिवस विशेष… मातरम वन्दे हृदय से बोल कर तो देखिये।देश की गरिमा जगत से तौल कर तो देखिये॥ कोई भी जज़्बा हमारे देश से ऊँचा नहीं,जान ना दे देश पर ऐसा कोई बच्चा नहीं।शूरवीरों का वतन टटोल कर तो देखिये,देश की गरिमा जगत से तौल कर तो देखिये…॥ ये ऋषि-मुनियों … Read more

अध्यापकों में हिंदी के प्रति ऊर्जा बनी रहे

समापन समारोह… हैदराबाद(तेलंगाना)। हिंदी अध्यापकों के को आने वाले समय में भी इस तरह का प्रशिक्षिण का लाभ मिले,जिससे हिंदी अध्यापकों में हिंदी के प्रति ऊर्जा बनी रहे। हिंदी का प्रचार-प्रसार भरपूर होता रहे।केंद्रीय हिंदी संस्थान(हैदराबाद केंद्र) के ४४३ एवं ४४४ वें ऑनलाइन नवीकरण पाठ्यक्रम के समापन समारोह में यह बात मुख्य अतिथि के रूप … Read more

प्यारा देश हमारा

वाणी वर्मा कर्णमोरंग(बिराट नगर)****************************** गणतंत्र दिवस विशेष…. अनेकता में एकता,बहु भाषा-बहु विचारअनेक संस्कृतियों से सजा,न्यारा देश हमारा। रंग-बिरंगे लोग,विविध फूलों की क्यारी भांतिशहीदों ने दिया बलिदान,फलस्वरूप स्वत्रन्त्र देश हमारा। सनातन धर्म स्थल,सनातन परंपराभगवान राम,कृष्ण और संतों का,अनूठा देश हमारा। स्वत्रन्त्र मन और विचार हो,सबकी उन्नति और विकास होतो आओ मिलकर बनाएं स्वर्ग-सा,सुंदर देश हमारा। वीरों … Read more

‘धूूप की मछलियाँ’ भाव-संवेदनाओं की कहानियाँ

विजय कुमार तिवारी************************* समीक्षा करते समय केवल सारांश प्रस्तुत करना सम्यक नहीं है। रचना के पात्रों की परिस्थितियाँ, उनके संघर्ष,उनकी संभावनाएं,सुख-दु:ख,रचनाकार की प्रतिबद्धता और समझ सब तो परिदृश्य में उभरते ही हैं। लेखक की संघर्ष-चेतना,प्रतिबद्धता, भाषा और शैली के संस्कार उभरने ही चाहिए।हिन्दी साहित्य में प्रवासी भारतीयों ने कम योगदान नहीं किया है और विदेशी … Read more

बातें कुछ संविधान की

ज्ञानवती सक्सैना ‘ज्ञान’जयपुर (राजस्थान) ******************************************** गणतंत्र दिवस विशेष…. आओ बहनों तुम्हें सुनाऊँ,बातें कुछ संविधान की।शब्द-शब्द में गौरव गाथा,जनता के सम्मान की॥ भारत के हृदय की धड़कन,अपना संविधान है,संस्कृति की है इसमें आत्मा,सभ्यता का प्रतिमान हैसबसे बड़ा गणतन्त्र विश्व का,लिखित हर विधान है,सर्वधर्म समभाव है इसमें,जिसका हमें गुमान है।छब्बीस नवम्बर दिन था,जब ये बनकर के तैयार … Read more

संविधान रचो

डॉ.सोना सिंह इंदौर(मध्यप्रदेश)************************************** गणतंत्र दिवस विशेष… मत करो आत्मसमर्पण,तुम अपना संविधान रचो। मूल्यों की निष्ठा पहचानो,तुम अपना इतिहास स्वयं लिखो। आत्मा की आजादी है बेमोल,इसके लिए प्राण उत्सर्ग करो। जीवन है तुम्हारा,तुम इसके स्वयं कर्णधार बनो। मत करो आत्मसमर्पण,तुम अपना संविधान रचो। पहचानो अपना-पराया,सीखो परायों को अपनाना। इस कला में पारंगत बनो,समझे सब तुम्हें अपना,तुम ऐसे … Read more

प्यारा भारत देश हमारा है

राजू महतो ‘राजूराज झारखण्डी’धनबाद (झारखण्ड) ****************************************** गणतंत्र दिवस विशेष…. जहां में है छोटे-बड़े देश अनेकसब देशों में एक ही प्यारा है,जो देता विश्व को शांति का नारा-यह प्यारा भारत देश हमारा है। कहते देश सारे,सोने की चिड़ियाइसके मन में बसती सत्य की गुड़िया,गोद में गंगा-यमुना की धारा है-यह प्यारा भारत देश हमारा है। धरती में है … Read more

भारतीयता की गंध

मच्छिंद्र भिसेसातारा(महाराष्ट्र) ************************************** गणतंत्र दिवस विशेष…. हम सब इस देश के वासी,एक गीत के छंद हैंअलग-थलग खिलते मगर,सबमें एकता गंध है। जाति-धरम नाम है दूजे,क्या ला सके मन में रंज हैवर्ण भेद बस इंद्रधनुष में,समता के खिले यहाँ रंग है। कोई खाए चावल रोटी,कोई खाए चूरमा बाटीपकवान चाहे हो एक-दूजे,मिल-बाँट खाते आनंद है। ईद आए … Read more

सारे जग से सर्वोत्तम

जबरा राम कंडाराजालौर (राजस्थान)**************************** गणतंत्र दिवस विशेष…. मैं भारतीय हूँ इसका,मुझको बेहद गर्व है,रात-दिन यहां रंगीले,हर दिन होता पर्व है। चार धाम अड़सठ तीरथ,पावन गंगा नीर है,नगेन्द्र सर्वोच्च हिमालय,खास स्वर्ग कश्मीर है। संस्कृति बहुत ही बढ़िया,सभ्य सद्व्यवहार है,सारे जग से सर्वोत्तम,अच्छे से संस्कार है। देश हित में प्राण देते,हो जाते कुर्बान हैं,ये वीर प्रसूता माता,मेरा … Read more