वो कामवाली

डाॅ. मधुकर राव लारोकर ‘मधुर’  नागपुर(महाराष्ट्र) ************************************************************************* वो १५-१६ साल की साधारण-सी दिखने वाली लड़की थी।पहनावे और व्यवहार से गरीब और असहाय दिख रही थी। दवाई की दुकान में आकर चुपके से खड़ी होकर,अपनी बारी का इंतजार करने लगी। दवाई दुकान वाली मैडम को खाली देखकर बोली-“मेरी माँ दो दिनों से बुखार में तप रही … Read more

मासूम की समझ

रणदीप याज्ञिक ‘रण’  उरई(उत्तरप्रदेश) ******************************************************************** ६ वर्षीय गुनगुन अपने विद्यालय का होमवर्क कर रही थी। होमवर्क में-केले के छिलके,सोता हुआ व्यक्ति और पैदल चलते व्यक्ति के चित्र बने थे,जिन्हें-कूड़ेदान,बैडरूम तथा फुटपाथ के चित्रों से पेन्सिल से मिलाना थाl गुनगुन ने पापा की मदद से उन्हें सही-सही मिला दिया,केले के छिलके-कूड़ेदान,बैडरूम-सोता हुआ व्यक्ति एवं फुटपाथ -चलता … Read more

नया साल

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरे मंडला(मध्यप्रदेश) *********************************************************************** “राकेश,तुम सुबह-सुबह कहां जा रहे हो ?” “अंकल जी,नमस्कार। हैप्पी न्यू इयर। अरे अंकल जी,आज नये साल का पहला दिन है,इसलिए मैं अपनी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामजीलाल के पैर छूकर उन्हें बधाई देने व उनसे आशीर्वाद लेने जा रहा हूँ।” “ओह,बहुत ख़ूब,पर इसी शहर में तुम्हारे मम्मी-पापा भी … Read more

बड़े दिन की छुट्टी और हालात

गीतांजली वार्ष्णेय ‘ गीतू’ बरेली(उत्तर प्रदेश) ************************************************************************* ‘बड़े दिन की छुट्टी’ स्पर्धा  विशेष……… “आज २५ दिसम्बर `बड़े दिन की छुट्टी`,वाह मजा आ गया”,घर में घुसते ही मोनू चिल्लाया। मम्मी-“क्यों चिल्ला रहे हो ? लो आफत आ गयी। छुट्टियां तुम्हारी-आफत मेरी,सारा दिन किचिन में, कभी पकौड़ी,कभी कचौड़ी बस खिलाते रहो बदमाशों को। मुझे भी ठंड लगती … Read more

हार्ट अटैक

पूनम दुबे सरगुजा(छत्तीसगढ़)  ****************************************************************************** ‘बड़े दिन की छुट्टी’ स्पर्धा  विशेष……… राजू और ममता जल्दी-जल्दी तैयार होकर स्कूल गए। जाएं क्यों नहीं,आज आखरी दिन था। बड़े दिन की छुट्टियां जो मिलने वाली थी। इस बार मम्मी-पापा के साथ बच्चों ने बाहर घूमने का प्रोग्राम बनाया था। छुट्टी होते ही बच्चे घर आकर माँ से लिपट गये,जैसे … Read more

राम राज्य

मीरा जैन उज्जैन(मध्यप्रदेश) ********************************************************** दो देशों की सीमायें आपस मे लगी हुई थी,किंतु एक देश की जनता बेहद खुशहाल थी क्योंकि वहाँ का राजा बहुत दयालु और उदार थाl एक भी व्यक्ति को कोई कष्ट नहीं अन्न,जल,वस्त्र,मकान सब-कुछ हर कोई वहाँ के राजा की प्रशंसा करते नहीं थकता,वहीं दूसरे देश का राजा भी सहिष्णु व … Read more

सुसंस्कार ही दहेज

डॉ.चंद्रदत्त शर्मा ‘चंद्रकवि’ रोहतक (हरियाणा) ******************************************************* घनश्यामदास जी कभी शहर के प्रसिद्ध सेठ होते थे,पर समय के फेर ने सब कुछ ढेर कर दिया। उनका सारा व्यापार डूब चुका था। स्थिति यह हो गई कि,घर बेचकर अब किराए पर रहने लगे। उनके इकलौते पुत्र रमेशचंद्र की शादी हुई,घर में बहू जो आई,निश्चय ही लक्ष्मी आ … Read more

बड़प्पन

प्रो.डॉ. शरद नारायण खरे मंडला(मध्यप्रदेश) *********************************************************************** नगर के सिध्द स्थल हनुमान मंदिर में लक्ष्मण प्रसाद पहुंचे और प्रार्थना करने लगे-“हे भगवान कल का केस मैं ही जीतूं,इतनी दया ज़रूर करना। नहीं तो मैं कहीं का नहीं रहूंगा। मेरी सारी दौलत मेरे सबसे बड़े दुश्मन के पास चली जाएगी।” उनके जाने के बाद थोड़ी देर में … Read more

देवी और इंसाफ

मीरा जैन उज्जैन(मध्यप्रदेश) ********************************************************** शेर पर सवार माँ दुर्गा ने अपने भक्तों पर कृपा बरसाती हुई एक छोटे से गाँव को नवरात्रि में अपना ठिकाना बना लिया यह देख आश्चर्य चकित शेर ने प्रश्न किया- ‘देवी माँ! आप तो इंसाफ करने निकली थी लेकिन ये क्या बड़े-बड़े पंडाल,भव्यातिभव्य साज-सज्जा,पूरे जोशो-खरोश से पूजा-अर्चना आपके स्वागत में … Read more

२ धूर्त

डॉ.आभा माथुर उन्नाव(उत्तर प्रदेश) ****************************************************************************** केशव और यश के गाँव पास-पास थे। एक बार वहाँ एक मेला लगा। वे दोनों भी कुछ कमाने के उद्देश्य से मेले में गये। केशव ने एक बोरे में सस्ती रुई भर कर उसके ऊपर बढ़िया ऊन रख ली। दूसरी ओर यश ने एक बोरे में पुराने कपड़े भर कर … Read more