भारत का चौकीदार

विजय कुमार मणिकपुर(बिहार) ****************************************************************** मैं हूँ भारत का चौकीदार दिन-रात रहता हूँ पहरेदार, घुसपैठ नहीं होने दूँगा दुश्मन को मैं ठोक दूँगा। परिंदों को पंख काटकर आकाश में मैं छोड़ दूँगा, भारत की शान को मैं कभी नहीं झुकने दूँगा। हिन्दुस्तान हमारी जान है मर्यादा पुरुषोत्तम की धाम है, अहंकारी का महाविनाश है यमलोक उनका … Read more

श्रद्धांजलि

बिनोद कुमार महतो ‘हंसौड़ा’ दरभंगा(बिहार) ********************************************************************* फाँसी पर हँसकर चढ़े,भगत सुखदेव राज। तीनों ने ऊँचा किया,भारत माँ का ताज। भारत माँ का ताज,वतन पर प्रण थे धारे। जाओ अपना देश,नहीं अब काम तुम्हारे। कह ‘बिनोद कविराय’ ,दुखी थे भारतवासी। सदा रखेंगे याद,शहीदों की ये फाँसी। परिचय : बिनोद कुमार महतो का उपनाम ‘हंसौड़ा’ है। आपका जन्म १८ … Read more

कुछ रँग जांबाजों के संग

हेमा श्रीवास्तव ‘हेमाश्री’ प्रयाग(उत्तरप्रदेश) ********************************************************************* कई रंगों से सराबोर होकर हमने होली बड़े उत्साह और उमंग के साथ अपने अपनों के साथ मिलकर मनाई। इस उमंग और उल्लास, हर्ष के पर्व में हमारी भारतीय सेना सीमा पर तैनात खड़ी हुई है,हमारे रंग में कोई भंग ना पड़े इसके लिए बरकरार सरहद पर वो लड़ते रहते … Read more

मुलाकात

एन.एल.एम. त्रिपाठी ‘पीताम्बर’  गोरखपुर(उत्तर प्रदेश) *********************************************************** ख्वाबों ख्वाहिशों आरजू की मुलाक़ात, खामोश जुबां उम्मीद की कशमकश का लम्हा। तकदीर की कशिश, लफ़्ज़ों अन्दाज़ की बात॥ सवाल-जवाब इजहार अरमान की तल्खी, बा-वफा खौफ से घायल॥ कभी सुकूं के आसमाँ में बादल से हालात, फासले जज्बात हौंसले, मकसदों के पैगाम के कायल। सूरज शाम के, आगोश की … Read more

शुभ जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएँ

हिन्दीभाषा.कॉम मंच के रचनाकार साथी वंंदना मोदी गोयल जी  का  २४ मार्च को शुभ जन्मदिन है..इस पटल के माध्यम से आप उनको शुभकामनाएं दे सकते हैं…..

मातृभूमि के लाल

कैलाश भावसार  बड़ौद (मध्यप्रदेश) ************************************************* अपने रक्त से तिलक लगाया, भारत माँ के भाल पर जितना गर्व करें उतना कम, मातृभूमि के लाल पर। उऋण कभी ना हो पायेंगे, क्रान्ति के दीवानों से पार नहीं पा सके थे बुज़दिल, जिन तीनों मस्तानों से अंग्रेजों से कभी ना भय था, अविजित थे जो काल पर। जितना … Read more

हमको न आज़माना

अकबर खान ‘शाद उदयपुरी’  उदयपुर(राजस्थान) ***********************************************************  (रचना शिल्प:ग़ैर-मुदर्रफ़ ग़ज़ल-बिना रदीफ़ की) तुम लाख दूर जाओ मगर कुछ भी नहीं होना, हम दोनों साथ रहने की ख़ातिर हुए हैं पैदा। हसरत नहीं हैं मुझको कि महलों में हो ठिकाना, ये आसमाँ चादर हैं मेरी ये ज़मीं बिछौना। पैसे कमाने के लिये क्या-क्या पड़ा है खोना, देखूँ मैं … Read more

दिल की धड़कन

संजय जैन  मुम्बई(महाराष्ट्र) ************************************************ दिल ने धड़कना छोड़ दिया है, जबसे गए हो तुम दूर मुझसे। तब से नाम के सहारे जिन्दा हूँ, मैं डर गया हूँ तेरी वफ़ादारी से॥ तेरे दामन पर जो रंग लगता है, दिल मेरा यहां धड़कता है। कोई कैसे तुमको, मेरे से पहले रंग लगा सकता है। क्योंकि सबसे पहले … Read more

पीड़ा

इंदु भूषण बाली ‘परवाज़ मनावरी’ ज्यौड़ियां(जम्मू कश्मीर) ******************************************************** जो कहा उस ओर क्यों बढ़ा ही नहीं। जो लिखा पत्र तुम्हें वो पढ़ा ही नहीं॥ मेरा जीवन एक निष्पक्ष कड़ा संघर्ष, वो क्या समझे जो कभी लड़ा ही नहीं। मेरी प्रीत रीत व देशभक्ति का फल है, कि अकेला खड़ा हूँं कोई धड़ा ही नहीं। देशद्रोही … Read more

होली चालीसा

बाबूलाल शर्मा सिकंदरा(राजस्थान) ************************************************* दोहा- याद करें प्रल्हाद को,भले भलाई प्रीत। तजें बुराई मानवी,यही होलिका रीत॥ चौपाई- हे शिव सुत गौरी के नंदन। करूँ आपका नित अभिनंदन॥ मातु शारदे वंदन गाता। भाव गीत कविता में आता॥ भारत है अति देश विशाला। विविध धर्म संस्कृतियों वाला॥ नित मनते त्यौहार अनोखे। मेल-मिलाप,रिवाजें चोखे॥ दीवाली अरु ईद मनाएँ। … Read more