तू ही सृष्टि

सारिका त्रिपाठी लखनऊ(उत्तरप्रदेश) ******************************************************* ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… तू ही धरा,तू सर्वथा, तू बेटी है,तू ही आस्था। तू नारी है,मन की व्यथा, तू परम्परा,तू ही प्रथा। तुझसे ही तेरे तप से ही रहता सदा यहां अमन, तेरे ही प्रेमाश्रुओं की शक्ति करती वसु को चमन। तेरे सत्व की कथाओं को,करते यहाँ सब नमन, फिर … Read more

नारी सम्मान जरूरी

मनीषा मेवाड़ा ‘मनीषा मानस’ इन्दौर(मध्यप्रदेश) **************************************************************** ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… “महके जिससे सारी प्रकृति और घर-आँगन, रिश्तों को पुलकित करता वो है नारी मन।” ८ मार्च को ‘अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस’ मनाया जाने वाला है। महिलाओं के उत्कृष्ट चरित्र का बखान करने की रस्म अदायगी की जायेगी। उसके सम्मान में अनेक कविताएँ और स्लोगन रच … Read more

महिला दिवस की सार्थकता

डॉ.रीता जैन’रीता’ इंदौर(मध्यप्रदेश) *************************************************** ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… महिला दिवस एक मज़दूर आंदोलन से उपजा है। इसका बीजारोपण साल १९०८ में हुआ था,जब १५ हज़ार औरतों ने न्यूयॉर्क शहर में मार्च निकालकर नौकरी में कम घंटों की मांग की थी। इसके अलावा उनकी मांग थी कि उन्हें बेहतर वेतन दिया जाए और मतदान करने … Read more

नारी शक्ति

बोधन राम निषाद ‘राज’  कबीरधाम (छत्तीसगढ़) ******************************************************************** ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… नारी जननी देश की,महिमा बड़ी महान। नारी से नर होत है,कर नारी सम्मान॥ नारी नर की शान है,ईश्वर का वरदान। सुख उपजे चहुँओर है,जहाँ बसे भगवान॥ गाते गाथा देव भी,नारी परम पवित्र। माता सीता शारदा,दुख में बनते मित्र॥ पुरुषों की होती प्रगति,इनमें नारी … Read more

महिला-अदभुत शक्ति

मानकदास मानिकपुरी ‘ मानक छत्तीसगढ़िया’  महासमुंद(छत्तीसगढ़)  ************************************************** ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… महिला एक शब्द ही नहीं है,वह अथाह सागर की तली है, जिसका पार ना कोई पा सका,उसमें अदभुत शक्ति भरी है। जिसकी सहनशीलता के आगे धरती क्या सारी सृष्टि की भी कमी है, सूर्य में आग,पुष्प में सुगंध,जल में उतनी नमी नहीं, जितनी … Read more

नारी तेरे रूप अनेक

मनोरमा चन्द्रा रायपुर(छत्तीसगढ़) ******************************************************** ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… अनेक रूप हैं नारी तेरे, पूत जनन कर,जननी कहाती स्नेही,करुणामयी,मूरत तेरी, संकटों से न,तू घबराती। अपने आत्मसम्मान के लिए, लड़ जाती,सारे जग से सबला बनकर,जीवन जीती, तुझमें धैर्य की खान,है भरी। बेटी,बहन,माँ,का रूप धरती, संबंधों के सूत्र में ढलती पुरुष संगिनी,बनकर नारी, अपना फर्ज,नित पूरा करती। … Read more

मैं नारी हूँ

सौदामिनी खरे दामिनी रायसेन(मध्यप्रदेश) ****************************************************** मैं नारी हूँ भारत की,मेरी शान निराली है, मैं लक्ष्मी दुर्गा काली मैं लज्जा से भरी आली। मैं नारी हूँ भारत की,मैं सीता सती सावित्री हूँ, मैं इस स्नेह की पावन धारा हूँ मैं हूँ माँ बहिन पुत्री दारा। मैं रिश्तों की पहने माला मैं अबला हूँ मैं सबला हूँ, मैं … Read more

नारी

बाबूलाल शर्मा सिकंदरा(राजस्थान) ************************************************* ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… नारी जग को धारती,धरती का प्रतिरूप। पावन निर्मल सजल है,गंगा यमुन स्वरूप। गंगा यमुन स्वरूप,सभी को जीवन देती। होती चतुर सुजान,अभाव सभी सह लेती। कहे लाल कविराय,मनुज की है महतारी। बेटी,बहू समान,समझ लो दैवी नारी। नारी सभी घर लक्ष्मी,घर दर पालनहार। भव सागर परिवार की,तरनी तारन … Read more

नारी तेरे अदभुत रूप

सोनू कुमार मिश्रा दरभंगा (बिहार) ************************************************************************* ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… नारी तेरे कितने रूप, जग में तू सबसे अनुरूप सती,सीता,सावित्री,स्वरूप, गंगा,गौरी,गायत्री,रूप… नारी तेरे अदभुत रूप। प्रेयसी-प्राणनाथ की तुम प्रिय, विश्व-वैभव,अनुपम-अनुनय दुष्ट-दानव का दमन किये, काली,गार्गी,दुर्गा स्वरूप… नारी तेरे अदभुत रुप। चन्द्रमुखी,चन्द्रबदन,चंचल तन, मृदुल,मधुर,मनमोहक,मन रूप से तेरे गुंजित हुआ गगन, शारदे,शक्ति,लक्ष्मी अनुपम रूप… नारी तेरे … Read more

बेटी

एन.एल.एम. त्रिपाठी ‘पीताम्बर’  गोरखपुर(उत्तर प्रदेश) *********************************************************** ‘अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस’ स्पर्धा विशेष………………… बेटी हम सबका नाज है, अरमान है उम्मीद है… हमारे मान का विश्वास है। माँ की कोख में लड़ती सदा, खुद के अस्तित्व की खातिर… जीवन के पथ में योद्धा महान है। पैदा हुई माँ को ताना, किशोरा में समाज को जवानी में दुनिया … Read more