कृष्ण -कन्हैया

डॉ.नीलम कौर उदयपुर (राजस्थान) *************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. कृष्णा तेरे रुप अनेक, कैसे-कैसे रचाये खेला कभी तू नटखट माँ को बेटो, कभी तू बन जाये छलियाl वासुदेव के जनम लियो, नंदलाल नंद बाबा को कहायो देवकी की कोख जनाय, मात् यशोदा को लाल कहायोl दाऊ को बन छोटो भैया, गोपन पर अपनी धाक जमाय … Read more

फिर आओ इक बार यहाँ कान्हा

हीरा सिंह चाहिल ‘बिल्ले’ बिलासपुर (छत्तीसगढ़) ********************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. हे जग तारी,कृष्ण मुरारी, जन्मे मथुरा तुम,कंस के कारागार में। पहुंचे ईश्वरीय लीला से तुम, माता यशोदा के द्वार में। हे देवकी नन्दन नंद-लाला, तुम ही तो तारनहार हो। खुद को माखन-चोर,चित-चोर बना के, तुम्ही जग के राखनहर हो। हे वासुदेव-देवकी नन्दन, उफनती यमुना,रात … Read more

युद्धनीति में कृष्ण का मानवीय जीवन दर्शन

डॉ.सोना सिंह  इंदौर(मध्यप्रदेश) ********************************************************************* प्रबंधन,पराक्रम,पूर्णता,प्रेम और परिवर्तन के द्योतक भगवान श्री कृष्ण इसीलिए पूर्णावतार कहे जाते हैं कि ज्ञान के साथ कौशल और चिंतन के साथ चालाकी कृष्ण की नीति रही है। सुदर्शन चक्र धारण किए हुए वे एक ऐसे मानव हैं,जिनका जीवन संघर्षमय रहा। पूतना को स्तनपान के साथ माता का दर्जा देना पड़ा,वहीं … Read more

जब-जब हानि धर्म की होती

डॉ.साधना तोमर बागपत(उत्तर प्रदेश) *************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. जब-जब हानि धर्म की होती,मोहन मेरे आते हो, धर्म-कर्म की परिभाषा को,गीता में समझाते हो। भारतमाता तुम्हें पुकारे, गिरधर मेरे तुम आओ। मानव मन-सरवर में आ तुम, प्रेम-जलज सरसा जाओ। गुलशन सारा इन पुष्पों से,तुम ही तो महकाते हो, जब-जब…ll धरा अनूठी भारत भूमि, अखण्ड संस्कृति … Read more

जय गोपाल

मनोरमा चन्द्रा रायपुर(छत्तीसगढ़) ******************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. हे गोपाल,करूँ मैं ध्यान, आ जाओ,करुणा के सागर। हम दीन पुकार रहे हैं, कर दो हम पे उपकारll यशोदा,नंद दुलारे हो, राधा के,तुम प्यारे हो। मुरली मधुर बजाने वाले, गोपियों को,नचाने वाले होll गोवर्धन पर्वत उठा, ग्वालों की रक्षा किये। पाप अंत,करने के लिए, दुष्ट कंस का,संहार … Read more

जुबां सूख गयी श्याम

ललित प्रताप सिंह बसंतपुर (उत्तरप्रदेश) ************************************************ कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. श्याम-श्याम रटते-रटते जुबां सूख गयी है श्याम, आया नहीं तू मोहन ये रूह कर रही है इंतजार तेरे विरह में दिल न करता है कोई काम, दे उपदेश रहा ऊधव है जैसे वो हो कोई भगवानl श्याम-श्याम… कह गये परसों आऊंगा,अब बीत गये कई साल, … Read more

बिन लड़े कौन जीत पाता है भला

राजेश पड़िहार प्रतापगढ़(राजस्थान) *********************************************************** (रचना शिल्प:बहर-२१२२ २१२२ २१२२ २१२) झाड़ आँगन आज कोई अब लगाता है भला। बिन लड़े ही कौन जग में जीत पाता है भला। बस यूँ ही तकदीर को कब तक रहोगे कोसते, देख ठोकर कौन फिर से चोट खाता है भला। राह की बाधा अनेक सर उठाये जो अगर, मुश्किलों से … Read more

श्रीकृष्ण की महिमा

सुशीला रोहिला सोनीपत(हरियाणा) ************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. चमत्कारी अवतारी यशोमति नन्दन मथुरा नगरी करे अभिनंदन, गोकुल का भाग्य उदित हुआ, पले-बढ़े यहाँ सुत वासुदेव नन्दन। दृग लोचन मस्तक ऊँचा घुंघराले काले बाल, गालों पर है लालिमा होंठों पर मधुर- मुस्कान। पावं में पजनियाँ,गले में तुलसीहार पीत-पीताम्बर पीले वस्त्र, शीशे पर मोर मुकुट होंठों पर … Read more

जन्माष्टमी मात्र पर्व नहीं

रेनू सिंघल लखनऊ (उत्तर प्रदेश) ******************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. “यदा यदा हि धर्मस्य ग्लानिर्भवति भारत:। अभ्युत्थानमधर्मस्य तदात्मानं सृजाम्यहम्॥” जन्माष्टमी मात्र पर्व नहीं देवकी मैया के तुम जाये,गोद यशोदा की दुलराये। मथुरा के तुम राजदुलारे,गोकुल के तुम आँख के तारे। मुरलीमनोहर छवि मतवारी,जय जय जय जय कृष्ण मुरारी । संसार में जब-जब अत्याचार और पाप … Read more

यशोदा तेरो कान्हा

पूनम दुबे सरगुजा(छत्तीसगढ़)  ****************************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. यशोदा तेरो कान्हा, करत बरजोरी… हाथ जोड़ विनती करूं मैं, सुनत नहीं कोई बात मोरी। यशोदा तेरो… ठाड़े रहत कदम की छैया, आवत जात पकड़त मोरी बहियां, लाज ना आवत करत छिछोरी। यशोदा तेरो… नटखट श्याम लागे मोहे प्यारा, वृंदावन में रास रचाया कर प्रीत मैं तोसे … Read more